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Jalaun News: युवती की हत्या में पड़ोसी तीन सगे भाइयों सहित आठ को उम्रकैद

Fri, 25 Jul 2025 12:42 AM IST
कानपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, जालौन
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उन्नाव। औरास थाना क्षेत्र में 25 साल पहले घर के सामने नाली के विवाद में युवती की गोली मारकर हत्या के मुकदमे में विशेष न्यायालय एससी एसटी एक्ट ने गुरुवार को पड़ोसी तीन सगे भाइयों सहित आठ को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
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मुकदमे में कुल 13 लोग नामजद हुए थे। सुनवाई दौरान पांच आरोपियों की मौत हो चुकी है। न्यायाधीश ने एक दोषी पर 44 हजार रुपये और सात पर 39-39 हजार रुपये अर्थदंड भी लगाया है।
औरास थाना के बरेटिया गांव निवासी मछरी लाल ने 22 अक्तूबर 2000 को तहरीर देकर भतीजी सुनीता की गोली मारकर हत्या और चचेरी बहन गीता को घायल करने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस को बताया था कि पड़ोसी शौकत व उसमान गद्दी का मकान है। इन लोगों ने घर की नाली का पानी घटना के तीन दिन पहले से उसके (मछरी लाल) के घर के सामने बहाने लगे। शौकत से नाली का किसी अन्य स्थान से निकास की व्यवस्था करने को कहा था। कई बार कहने के बाद भी पड़ोसी नहीं माने और रंजिश मानने लगे।
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21अक्तूबर 2000 को रात 10 बजे शौकत, उसमान, न्यामत उल्ला, छोटक्का, चुन्ना, हाशिम और हसनगंज कोतवाली के ग्राम महाखेड़ा निवासी बाबू, फजल, हनीफ, सदर, नफीस, वली मोहम्मद, आशिक अली, अवैध असलहे लेकर आए और घर में घुस कर फायरिंग करने लगे, इससे परिवार में चीख पुकार सुनकर छोटा भाई शिवकुमार व परिवार के अन्य लोग पहुंचे तब किसी तरह पूरा परिवार जान बचा कर भागने लगा। इसपर हमलावर पीछा करते हुए फायर करने लगे। गोली लगने से भतीजी सुनीता की मौत हो गई। गोली लगने से चचेरी बहन गीता गंभीर रूप से घायल हो गई। पुलिस ने 16 दिसंबर 2000 को सभी 13 नामजद आरोपियों को जेल भेजा था। मुकदमे की विवेचना तत्कालीन सीओ दीनानाथ दुबे ने की थी और सभी दोषियों के खिलाफ चार जनवरी 2001 को न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया था।
मुकदमा अपर जिला जज द्वितीय की न्यायालय में विचाराधीन था। मुकदमे के दौरान शौकत, हाशिम, बाबू,फजल, आशिक अली की मौत हो गई। गुरुवार को मुकदमे की सुनवाई पूरी हुई। न्यायाधीश कविता मिश्रा ने अभियोजन और बचाव पक्ष के अधिवक्ताओं के तर्कों को सुना और पुलिस की ओर से दिए गए सबूतों व गवाहों को सुनने के बाद दोष साबित होने पर सगे भाई उसमान, न्यामत उल्ला, छोटक्का व चुन्ना, हनीफ, सदर, नफीस और वली मोहम्मद को उम्रकैद की सजा सुनाई है।
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