उरई। डिप्लोमा फार्मासिस्ट एसोसिएशन की 20 सूत्री मांगों को लेकर सरकार की वादाखिलाफी के विरोध में फार्मासिस्टों ने गुरुवार को दो घंटे का कार्य बहिष्कार किया। चेतावनी दी कि यदि मांगें पूरी नहीं हुई तो 20 दिसंबर से सभी सेवाएं बंद कर हड़ताल शुरू कर दी जाएगी।
संगठन के उपाध्यक्ष डॉ सुबोध नायक ने बताया कि सरकार की वादाखिलाफी के विरोध में फार्मासिस्ट आंदोलनरत है। इसके तहत 4 दिसंबर को एक दिवसीय धरना दिया गया। दूसरे चरण में 5 से 8 दिसंबर तक काली पट्टी बांधकर काम किया। अब आंदोलन के तीसरे चरण में 9 से 16 दिसंबर तक दो घंटे का कार्य बहिष्कार करेंगे। जबकि 17 से 19 दिसंबर तक फार्मासिस्ट हड़ताल पर रहेंगे। हालांकि इमरजेंसी और पोस्टमार्टम सेवाएं बहाल रहेगी। इसके बावजूद भी सरकार न चेती तो 20 दिसंबर से सभी प्रकार की सेवाएं ठप कर पूर्ण रूप से हड़ताल की जाएगी। इस दौरान डॉ टीपी गौतम, डॉ एमडी राजपूत, डॉ आरके मिश्रा, डॉ प्रदीप कुमार, डॉ संजीव उपाध्याय आदि रहे।