उरई। बहुजन समाज पार्टी ने अंबेडकर जयंती के मौके पर शुक्रवार देर शाम उरई और कालपी नगर पालिका अध्यक्ष के लिए अपने प्रत्याशी घोषित कर दिए हैं। उरई नगर पालिका से बहुजन समाज पार्टी ने पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष गिरजा चौधरी पर दांव लगाया है। कालपी से बसपा ने दीवान अतीक सिद्दीकी को पार्टी का प्रत्याशी घोषित किया है। दोनों उम्मीदवारों की घोषणा बसपा के बुंदेलखंड प्रभारी लालाराम अहिरवार ने पत्रकारों के साथ चर्चा के दौरान की।
नामांकन प्रक्रिया के चार दिन बीतने के बाद बहुजन समाज पार्टी ने प्रत्याशी घोषित कर दिए हैं। हालांकि अभी भारतीय जनता पार्टी, कांग्रेस और समाजवादी पार्टी ने अपने एक भी प्रत्याशी घोषित नहीं किए हैं। बसपा के बुंदेलखंड प्रभारी लालाराम ने शुक्रवार शाम को बसपा के जिलाध्यक्ष समेत सभी पदाधिकारियों के साथ बैठक की। इस बैठक के बाद उन्होंने दोनों उम्मीदवारों की घोषणा कर दी।
उरई से गिरिजा चौधरी पहले भी बसपा के टिकट पर लड़कर नगर पालिका अध्यक्ष का चुनाव जीत चुकी हैं। वे 2012 से 2017 तक उरई नगर पालिका की अध्यक्ष रह चुकीं हैं। इसके पहले उनके बेटे विजय चौधरी भी वर्ष 2000 से 2005 तक नगर पालिका अध्यक्ष रह चुके हैं। इस बार के चुनाव में भी बसपा से विजय चौधरी को टिकट के लिए प्रबल दावेदार माना जा रहा था। उरई नगर पालिका सीट अनुसूचित जाति महिला के लिए आरक्षित होने के बाद विजय चौधरी की मां और पूर्व पालिका अध्यक्ष गिरिजा चौधरी को बसपा ने अपना उम्मीदवार बनाया है। कालपी से बसपा के उम्मीदवार बनाए गए दीवान अतीक सिद्दीकी बसपा से वर्ष 2008 से जुड़े हैं और मुंबई में इनका कंस्ट्रक्शन का कारोबार है। बसपा से कई बार विधानसभा चुनाव में भी टिकट की दावेदारी करते रहे हैं। वह बसपा के अभियानों और कार्यक्रमों में लगातार सक्रिय भागीदारी निभाते रहे हैं, इसी के चलते पार्टी ने उन पर भरोसा जताया है।