एक सफारी कार उरई से झांसी की ओर जा रही थी। घना कोहरा होने की वजह से वाहनों की रफ्तार काफी धीमी थी। बिल्कुल पास भी कुछ साफ नजर नहीं आ रहा था। सफारी जैसे ही एट के पिरौना पहुंची तो पीछे से आ रहा एक गैस टैंकर उससे जा टकराया। उसके टकराते ही चालक ने ब्रेक लगा दिए जिससे टैंकर का पीछे का हिस्सा सड़क के बीचों बीच आ गया।
चालक कुछ समझ पाता इससे पहले उसके पीछे आ रहा दूसरा गैस टैंकर भी उसके टैंकर से जा टकराया। पीछे से एक डीसीएम भी आ रही थी। कोहरे की वजह से चालक को सड़क पर साफ नजर नहीं आया और डीसीएम भी टैंकर से जा टकराई। टकराते ही डीसीएम सड़क के बीचों बीच पलट गई, जिससे हाईवे पर जाम लग गया। दर्जनों वाहन जाम में फंस गए। उधर हादसे से हड़कंप मच गया।
राहगीर दौड़ कर आए और वाहनों में फंसे चालकों को बाहर निकाला। हालांकि रफ्तार धीमी होने की वजह से किसी भी वाहन का चालक गंभीर रूप से घायल नहीं हुआ था, उन्हें मामूली चोटें आई थीं। राहगीरों ने इसकी सूचना पुलिस को दी। जानकारी पाकर पहुंची पुलिस ने चुटहिल चालकों को इलाज के लिए सीएचसी पहुंचाया।
हादसे की खबर फैलते ही ग्रामीण भी हाईवे पर पहुंच गए, जिससे हाईवे और जाम हो गया। पुलिस ने क्रेन बुलवाया दुघर्टनाग्रस्त वाहनों को सड़क से हटवाया, तब कहीं जाकर तीन घंटे बाद हाइवे पर वाहनों का आवागमन शुरू हो सका। चालकों के वहां से चले जाने की वजह से उनके नाम नहीं मिल पाए।