कालपी। यमुना में आई बाढ़ ने इस बार पीला घाट की स्थिति को खराब कर दिया है। पहले आईं बाढ़ों ने अन्य घाटों को खराब कर दिया था। एक मात्र बचे पीला घाट की भी स्थिति अब दयनीय हो गई है।
नगर में वैसे तो किलाघाट, बाई घाट, पीलाघाट स्नान के लिए बने थे। पहले यमुना में आई बाढ़ ने बाईघाट का अस्तित्व समाप्त कर दिया। वहीं पालिका ने नए पीला घाट का निर्माण कराया। घटिया निर्माण कार्य कराए जाने से करोड़ों की लागत से बना पीला घाट भी अब खस्ता हाल हो गया है। अभी भी यमुना की धारा घाट से 400 मीटर अंदर बह रही है। इस कारण श्रद्धालुओं को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बाढ़ की वजह से पीला घाट की सीढि़या टूट गईं हैं। लोगों को घाट तक पहुंचने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। घाट की दयनीय स्थिति पर शिव शंकर शुक्ल, योगेंद्र नारायण शुक्ल, शिव कुमार तिवारी, संदीप गुप्ता, गहोई समाज के अध्यक्ष प्रेम कुमार गुप्ता, ढडोमर समाज के अध्यक्ष नीतू गुप्ता, व्यापार मण्डल अध्यक्ष नमन अग्रवाल ने इस समस्या से समाधान की मांग की। एसडीएम मनोज कुमार सिंह का कहना है कि बाढ़ के बाद स्थिति को देखा जाएगा।