दो साल से लापता बुजुर्ग को परिजनों से मिलाया निनावली बस स्टैंड पर मिले थे, करणी सेना ने की मदद राम?
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रामपुरा (जालौन)। दो साल से लापता बुजुर्ग को करणी सेना ने मदद कर बुधवार को परिजनों से मिलाया। रमेश शर्मा (70) दो साल पहले घर से अचानक चले आए थे।
रामपुरा के निनावली बस स्टैंड पर करीब हफ्ते भर पहले रवींद्र चतुर्वेदी की नजर रमेश शर्मा पर पड़ी। वे अपने बारे में ठीक से बता नहीं पा रहे थे। उनसे लिखने को कहा गया तो उन्होंने मथुरा निवासी बताया और अपने आप को मांठ थाना क्षेत्र के खंजर गांव का निवासी बताया। इस पर रवींद्र चतुर्वेदी ने करणी सेना के पदाधिकारी सतीश भदौरिया से मदद मांगी।
करणी सेना के पदाधिकारियों ने सोशल मीडिया व अपनी टीम के माध्यम से रमेश शर्मा के परिजनों की खोजबीन की। पांच दिन बाद परिजनों का पता चला। इस बीच रवींद्र और करणी सेना के लोग रमेश शर्मा के खाने-पीने की व्यवस्था करते रहे। सोमवार को जब रमेश का भतीजा रवि उन्हें लेने पहुंचा तो सबकी आंखें नम हो गईं। रवि ने बताया कि चाचा दो साल पहले घर से बिना बताए लापता हो गए थे। मानसिक स्थिति ठीक न रहने के कारण मिल नहीं पा रहे थे। उसने सभी को धन्यवाद दिया और चाचा को साथ ले गया।