उरई (जालौन)। कुठौंद क्षेत्र के गांव में पांच दिन पूर्व आठ साल की बच्ची के साथ हुए दुष्कर्म और हत्या के मामले में पुलिस आरोपी के काफी करीब पहुंच गई है। फोरेंसिक रिपोर्ट भी आरोपी को सामने लाने में मददगार साबित होगी। माना जा रहा कि आरोपी परिवार का काफी करीबी है और दो एक दिन में पूरे मामले का खुलासा भी किया जा सकता है। वहीं एसपी स्वामी प्रसाद का कहना है कि अभी कुछ कहना जल्दबाजी होगी। कुछ सुराग हाथ जरूर लगे हैं जिन्हें और पुख्ता किया जा रहा है।
बता देें कि रविवार को एक गांव में आठ साल की बच्ची का शव मिला था। पुलिस ने गांव के ही मोती और जाहर सिंह को बच्ची के संग रेप और हत्या के मामले में गिरफ्तार भी किया था। हालांकि ग्रामीणों ने इस गिरफ्तारी का विरोध भी किया था। जिसके बाद से ही पुलिस नए सिरे से जांच पड़ताल में जुट गई है। पुलिस को बच्ची के करीबियों पर शक है। जिसके चलते कई बार उसके पिता व चाचा से पूछताछ की गई। चाचा को तो पुलिस ने छोड़ दिया है लेकिन पिता अभी भी थाने में नामजद आरोपियों व संदिग्धों के साथ बैठा हुआ है। इधर चर्चा है कि पुलिस एक दो दिन में मामले का खुलासा कर देगी, लेकिन इसमें दुष्कर्म का पेंच भी फंसा है। इसी गुत्थी को सुलझाने में पुलिस की टीमें लगी हैं।
बच्ची पहुंची घर, छाया सन्नाटा
एट (जालौन)। एट के एक गांव में छह माह की बच्ची के साथ हैवानियत करने वाले आरोपी दिनेश को पुलिस ने जेल भेज दिया। मेडिकल के लिए आए आरोपी के चेहरे और जुबान पर घटना को लेकर कोई अफसोस नहीं था। पुलिस का कहना है कि आरोपी युवक साइको का भी शिकार लग रहा है। उसे अपने किए पर भी शर्म महसूस नहीं हो रही है। पुलिस आरोपी का डीएनए टेस्ट भी कराएगी। जिससे उसके खिलाफ सबूत और एकत्रित हो सके। दूसरी हो जिला अस्पताल में भर्ती बच्ची की हालत सामान्य होने पर गुरुवार को उसे घर भेज दिया गया। जिस घर में दो दिन पहले तक शादी की खुशियों की चहल पहल थी। वहां अब हैवानियत की इस घटना के कारण सन्नाटा सा पसरा है।