एट (जालौन)। थाना क्षेत्र के गांव हरदुआ में सोमवार रात बिजली आपूर्ति न होने पर कुछ लोगों ने बिजलीघर पर धावा बोलकर तैनात आपरेटर को बंधक बनाकर हाथापाई की। सूचना पाकर जब पुलिस पहुंची तब तक लोग भाग निकले। मारपीट से आक्रोशित बिजली कर्मचारियों ने कार्रवाई की मांग को लेकर पूरे क्षेत्र की ही सप्लाई ठप कर दी। आला अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद पुलिस ने दोनों नामजद आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई का आश्वासन दिया। तब जाकर कर्मचारी शांत हुए और विद्युत आपूर्ति बहाल की।
कस्बे में बने 33 केवी विद्युत उपकेंद्र से करीब 40 गांवों में विद्युत आपूर्ति की जाती है। सोमवार रात फाल्ट की वजह से पिरौना फीडर की सप्लाई ठप हो गई। जिससे इस फीडर से जुड़े कस्बे सहित हरदुआ गांव की सप्लाई भी प्रभावित हो गई। कर्मचारियों ने बताया कि सप्लाई ठप होते ही हरदुआ निवासी शैलू यादव एवं खुद को भाजपाई बताने वाले कार्तिक त्रिपाठी निवासी एट अपने अन्य साथियों के साथ एट विद्युत सब स्टेशन पर पहुंचे और हंगामा करने लगे।
जिस पर वहां पर तैनात ऑपरेटर अशोक कुमार ने रात में तार टूटने की बात बताई, लेकिन सप्लाई चालू न होने से आक्रोशित उक्त लोगों ने अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर कर्मियों से अभद्रता शुरू कर दी। आरोप है कि ऑपरेटर का मोबाइल छीन कर उसके साथ हाथापाई की। जिससे वहां अफरा तफरी मच गई। कुछ कर्मचारियों ने मारपीट को देखते हुए मौके से भाग कर थाने में सूचना दी । मौके पर पहुंची पुलिस को देख आरोपी भाग गए। इससे आक्रोशित बिजली कर्मचारियों ने विद्युत आपूर्ति ठप कर के आला अधिकारियों को अवगत कराया।
मौके पर पहुंचे विद्युत उपखंड अधिकारी सत्येंद्र प्रताप सिंह एवं सहायक अभियंता जितेंद्र देव सिंह से उपद्रव करने वालों के खिलाफ उचित कार्रवाई करने की मांग की गई। मामले पर सहायक अभियंता ने पुलिस को लिखित तहरीर दी। जिस पर पुलिस ने दोनों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया। अधिकारियों के आश्वासन के बाद विद्युत कर्मचारियों ने सप्लाई को सुचारु कराया। मंगलवार की सुबह दोबारा बिजलीघर पहुंचे विभागीय अधिकारियों का कहना है कि बिजली संकट की शिकायत की जानी चाहिए, कर्मियों से हाथापाई बिल्कुल गलत है। थाना प्रभारी निरीक्षक उमेश चंद्र त्रिपाठी का कहना है की मामला दर्ज कर लिया गया है और शीघ्र ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।