फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Jalaun News: मरते वक्त अलग न हो इसलिए दोनों ने गमछे से बांध ली थी कमर

Fri, 28 Jun 2024 03:56 AM IST
कानपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, जालौन
विज्ञापन
विज्ञापन
उरई। कालपी कोतवाली क्षेत्र के बरदौली गांव निवासी मनीष और कैलिया थाना क्षेत्र के हिगुंटा व हाल पता निवासी सुशील नगर की दीक्षा एक दूसरे से प्रेम करते थे। इसकी भनक मनीष के परिजनों को लग गई थी। इसका उन्होंने विरोध भी किया था। बुधवार सुबह जब मनीष घर से निकला तो परिजनों ने पूछा लेकिन उसने कुछ नहीं बताया। दीक्षा भी सुबह बिना कुछ बताए परिजनों के निकल गई।
विज्ञापन

बताते हैं कि इसके बाद दोनों कालपी पहुंचे और व्यास मंदिर व बनखंडी मंदिर में जाकर दर्शन किए। वहां उन्हें गांव के कुछ लोग पूजा पाठ करते मिल गए, जिस पर वह वहां से निकल कर चले गए। लोगों की मानें तो मनीष ने शाम को परिजनों को फोन किया और कहा कि वह दीक्षा से शादी करना चाहता है। जिस पर परिजनों ने समाज का हवाला देकर इंकार कर दिया।
इसके बाद दोनों घूमते रहे और रात में कालपी कोतवाली क्षेत्र के उसरगांव के पास पहुंचे और एक दूसरे से जुदा न हो तो दोनों ने गमछे से अपने शरीर को बांध लिया और आपस में लिपट गए, ट्रेन के आने पर दोनों की घटना स्थल पर ही मौत हो गई। ट्रेन की चपेट में आने से दीक्षा का चेहरा बुरी तरह से पिस गया। वहीं मनीष के भी गर्दन में अधिक चोंट आने से दोनों की मौत हो गई।
विज्ञापन


बचपन से ही एक-दूसरे से था लगाव
बरदौली गांव निवासी मनीष की मां माया हिगुंटा गांव की निवासी थी। इस वजह से मनीष का बचपन से गांव में आना-जाना था। वह महीनों ननिहाल में रहता था। इसी दौरान उसकी दोस्ती नरेश की पुत्री दीक्षा से हो गई। दोस्ती धीरे-धीरे प्यार में बदल गई। दीक्षा के मां के निधन के बाद कृषि विभाग में कार्यरत पिता नरेंद्र छोटे भाई व पिता के साथ उरई में आकर रहने लगे। दीक्षा यही पर एक कोचिंग में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारियां करने लगी। इसी दौरान रिश्तेदार होने की वजह से मनीष भी उसके घर कभी-कभी पहुंच जाता था। बुधवार को जब दोनों घर से निकले तो बस दोनों के मन में एक ही बात चल रही थी कि एक साथ जिएंगे और एक साथ मरेंगे। पूरे दिन मंदिरों के दर्शन करने के बाद दोनों ने ट्रेन से कटकर जान दे दी। इस दौरान दोनों के हाथ एक दूसरे को हाथों में थे। लोगों का कहना है कि अगर दोनों की शादी करवा दी जाती तो शायद वह इतना बड़ा कदम नहीं उठाते।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें