फोटो- 17 आम सभा की बैठक में चर्चा करते अधिवक्ता। संवाद
कोंच। बार एसोसिएशन कोंच ने मंगलवार को आमसभा की बैठक कर अधिवक्ता के साथ हुए अभद्रता के मामले में पुलिस के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। अधिवक्ता दीप कुमार अग्रवाल की ओर से दिए गए प्रार्थना पत्र को बैठक में रखा गया। इसमें उन्होंने पुलिस कर्मियों पर अभद्रता करने और थप्पड़ मारने का आरोप लगाया।
मामले को लेकर अधिवक्ताओं ने बुधवार को छह सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल के पुलिस उपाधीक्षक से मुलाकात कर दोषी पुलिस कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करने का निर्णय लिया। कार्रवाई न होने पर आगे की रणनीति तय करने की बात कही गई।
तहसील परिसर स्थित बार भवन विजय बारहदरी में मंगलवार दोपहर बार एसोसिएशन की आमसभा अध्यक्ष जितेंद्र सिंह गुर्जर की अध्यक्षता और महामंत्री अभिनीत श्रीवास्तव के संचालन में हुई। बैठक में अधिवक्ता दीप कुमार अग्रवाल का प्रार्थना पत्र आमसभा के पटल पर रखा गया। अधिवक्ता ने बताया कि 27 सितंबर की रात करीब नौ बजे थानेदार और पुलिस कर्मियों ने उनके साथ अभद्रता की। उन्होंने पुलिस कर्मियों पर थप्पड़ मारने का भी आरोप लगाया।
मामले को गंभीरता से लेते हुए आमसभा ने अध्यक्ष जितेंद्र सिंह गुर्जर, महामंत्री अभिनीत श्रीवास्तव, विनोद अग्निहोत्री, केके श्रीवास्तव, संजीव तिवारी और राघवेंद्र सिंह को प्रतिनिधिमंडल में शामिल किया। यह प्रतिनिधिमंडल बुधवार को पुलिस उपाधीक्षक से मुलाकात कर पूरे मामले की जानकारी देगा और संबंधित पुलिस कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करेगा। बैठक में स्पष्ट किया गया कि कार्रवाई नहीं हुई तो बार एसोसिएशन आगे की रणनीति तय करेगा। बैठक में श्रीराम गुप्ता, वीरेंद्र जाटव, राजेंद्र जाटव, रामशरण कुशवाह आदि मौजूद रहे।
पुलिस ने आरोपों को नकारा
इस संबंध में कोतवाली प्रभारी निरीक्षक निगवेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि मामला अधिवक्ता और उनकी दुकान पर काम करने वाले कर्मचारी मोहित वर्मा के बीच लेनदेन को लेकर हुआ था। कर्मचारी ने यूपी-112 पर कॉल कर पुलिस को बुलाया था। उनका कहना है कि अधिवक्ता ने पीआरवी कर्मियों से अभद्रता की, जिसके बाद संबंधित चौकी प्रभारी को मौके पर भेजा गया था। रात में ही दोनों पक्षों के बीच समझौता हो गया था। प्रभारी निरीक्षक ने पुलिस की ओर से किसी के साथ अभद्रता किए जाने के आरोप से इन्कार किया है।