उरई(जालौन)। झांसी मंडल के कमिश्नर के राममोहन राव विकास कार्यो की समीक्षा बैठक के पहले ही अचानक जिला अस्पताल का निरीक्षण करने पहुंच गए। कमिश्नर को देखअस्पताल कर्मचारियों से लेकर डाक्टरों तक हड़बड़ा गए । कोई कुछ समझ पाता इसके पहले ही जिला अस्पताल में अव्यवस्था कमिश्नर की नजर में आ गई। परिसर में गंदगी देख कर उनका पारा चढ़ गया। बाकी कसर मरीजों से बातचीत के बाद मिली समस्याओं की जानकारी से हो गई। गुस्साए कमिश्नर ने सीएमएस के निलंबन के लिए शासन को पत्र लिखने की बात कही है।
झांसी मंडल के कमिश्नर के राममोहन राव रविवार को जिले में विकास कार्यो की प्रगति समीक्षा के लिए अधिकारियों के साथ बैठक करने आ रहे थे। रनियां रेलवे फाटक पर उन्होेने अपनी गाड़ी बदल ली और वह सिटी मजिस्ट्रेट की गाड़ी में सवार हो गए। इसको कोई समझ नहीं पाया। उनकी स्कार्ट की गाड़ी और जिले के अन्य अधिकारियों की गाड़ी तो सीधे निकल गई लेकिन वह जिला चिकित्सालय पहुंच गए। अचानक कमिश्नर को देखकर अस्पताल में खलबली मच गई। के राममोहन राव ने सबसे पहले इमरजेंसी कक्ष का निरीक्षण किया। फिर वह वार्डो में पहुंच गए। उनकी जहां भी नजर पड़ी अस्पताल में गंदगी ही नजर आई। इसके बाद उन्होने मरीजों से बात कर अस्पताल में मिलने वाली सुविधाओं के बारे में पूंछा। मरीजों ने बताया डाक्टर 24 घंटे में एक राउंड लेते है। कुछेक ने बताया कुछ दवाएं बाहर से मंगानी पड़ रही है। तमाम अव्यवस्थाओं को देखते हुए
आयुक्त ने नाराजगी जताई और कहा जब अस्पताल में इतनी अव्यवस्था है तो फिर मरीजों का तो भगवान ही मालिक है । उन्होने अव्यवस्थाओं का ठीकरा सीएमएस डाक्टर वीवी आर्या पर फोड़ते हुए उनके निलंबन की के लिए शासन को पत्र लिखने की बात कही है।