उरई। कौशल विकास योजना के अंतर्गत कृषि विज्ञान केंद्र में चल रहे एक माह के प्रशिक्षण शिविर में सोमवार को नाबार्ड के जिला प्रबंधक प्रकाश कुमार ने प्रतिभागियों को उद्यमिता विकास में बैंकों की भूमिका के बारे में अवगत कराया।
उन्होंने कहा कि बीज उत्पादक व मशरूम उत्पादक इस प्रशिक्षण के बाद समूह बनाकर अच्छा मुनाफा कमा सकते हैं। समूह बनाने से मार्केटिंग की दिक्कत कम हो जाती है। इसके अलावा प्रतिभागी किसान उत्पादन संगठन बनाकर अपना उत्पाद बेच सकते हैं ताकि ज्यादा से ज्यादा आमदनी हो सके। उन्होंने नाबार्ड से संचालित योजनाओं की जानकारी भी दी।
कृषि विज्ञान केंद्र के अध्यक्ष डा. राजीव सिंह ने कहा कि कोई भी उद्यम लगाने में बैंकों की भूमिका महत्वपूर्ण होती है। डा. रजनीश चंद्र मिश्रा ने मशरूम आधारित उद्योग लगाने पर जोर दिया। डा. विस्टर जोशी ने समूह बनाकर बीज उत्पादन करने की सलाह दी। इस दौरान डा. अमित कनौजिया, राजकुमारी, डा. अनुज, ओम, श्याम, मलखान, प्रभाकर, महादेवी, अखिलेश, रमारानी आदि मौजूद रहे।