सामूहिक विवाह समारोह में जन प्रतिनिधि और अधिकारी
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यह है धनराशि का प्रावधान
योजना में उत्तर प्रदेश सरकार प्रति युगल 1,00,000 रुपये की आर्थिक सहायता देती है। इसमें 60,000 रुपये कन्या के बैंक खाते में सीधे भेजे जाते हैं। 25,000 रुपये के वैवाहिक उपहार भी दिए जाते हैं। शेष 15,000 रुपये प्रति जोड़ा आयोजन पर खर्च होते हैं। इसमें भोजन, पंडाल, फर्नीचर और पेयजल जैसी व्यवस्थाएं शामिल हैं। 214 जोड़ों के लिए कुल 32 लाख रुपये का बजट आवंटित था। इतनी बड़ी धनराशि के बावजूद जोड़ों को बुनियादी सुविधाएं भी नहीं मिलीं।
इन अव्यवस्थाओं के गवाह बने जनप्रतिनिधि
इन सभी अव्यवस्थाओं के गवाह कई प्रमुख जनप्रतिनिधि भी बने। इनमें सांसद अनूप प्रधान वाल्मीकि, विधायक सदर अंजुला सिंह माहौर और विधायक सिकंदराराऊ वीरेंद्र सिंह राणा शामिल थे। उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की सदस्य मीना, ब्लॉक प्रमुख रामेश्वर उपाध्याय, जिलाध्यक्ष अपना दल रवि सारस्वत, जिलाधिकारी अतुल वत्स और पुलिस अधीक्षक चिरंजीव नाथ सिन्हा भी मौजूद रहे। सभी ने नवविवाहित जोड़ों को आशीर्वाद दिया।