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हाथरस: घबराहट के बाद विधि छात्र की मौत, पोस्टमार्टम बिना अंतिम संस्कार, विवि पर संगी साथी मढ़ रहे आरोप

Sat, 22 Aug 2026 12:29 PM IST
Chaman Kumar Sharma अमर उजाला नेटवर्क, हाथरस

सार

परिवार में सचिन से बड़े दो भाई हैं, वह सबसे छोटा था। वह रोजाना पढ़ने के लिए हाथरस से अलीगढ़ जाता था। युवक की मौत से परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है।
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अंतिम संस्कार स्थल पर पुलिस-ग्रामीण, मृतक सचिन कुमार फाइल फोटो - फोटो : संवाद
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विस्तार
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हाथरस जंक्शन के गांव पुरा कलां में शुक्रवार देर रात राजा महेंद्र प्रताप विश्वविद्यालय के विधि छात्र की संदिग्ध हालत में मौत हो गई। पिता ने घबराहट के बाद बेटे की अचानक मौत होने की बात कहते हुए पोस्टमार्टम कराने से इन्कार कर दिया। गांव में साथी छात्रों के पहुंचने की जानकारी पर पुलिस व प्रशासनिक अधिकारी भी माैके पर पहुंच गए लेकिन तब तक मृतक का अंतिम संस्कार हो चुका था। साथी छात्रों ने दावा किया कि बैक पेपर परीक्षा में फेल होने के कारण वह परेशान था।

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गांव के किसान कमल सिंह का 23 वर्षीय बेटा सचिन कुमार अलीगढ़ के डीएस कॉलेज में बीएएलएलबी द्वितीय वर्ष का छात्र था। कमल सिंह के अनुसार रात करीब 12:30 बजे वे उठे तो वह नल चला रहा था। पूछने पर बताया कि उसे घबराहट हो रही है। इसके बाद घर के लोग उसे जिला अस्पताल लेकर पहुंचे। रास्ते में ही वह अचेत हो गया और शरीर ठंडा पड़ा गया। जिला अस्पताल की इमरजेंसी में चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
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सुबह होते ही खबर आग की तरह फैल गई। आत्महत्या की अफवाह पर पुलिस भी गांव पहुंच गई लेकिन पिता कमल सिंह ने आत्महत्या की बात खारिज करते हुए पोस्टमार्टम कराने से इन्कार कर दिया। परिवार के पक्ष में काफी संख्या में ग्रामीण एकत्रित हो गए। सुबह 11 बजे शव का अंतिम संस्कार हुआ। इस दौरान एएसपी रामानंद कुशवाहा, सीओ व तहसीलदार भी गांव पहुंचे तथा घटना की जानकारी की।
 

मृतक के परिजनों से बात की गई है। उनके अनुसार घबराहट के बाद अचानक सचिन की मौत हुई है। आत्महत्या की बात का मृतक के पिता ने खंडन किया है। सूचना मिली थी कि शव को छात्र अलीगढ़ ले जा रहे हैं लेकिन यह जानकारी गलत निकली। छात्रों के आरोप गलत हैं। केवल आंदोलन का रूप देने के लिए मामले को तूल देने का प्रयास किया जा रहा था।-रामानंद कुशवाहा, पुलिस अधीक्षक

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सचिन था सबसे छोटा बेटा
परिवार में सचिन से बड़े दो भाई हैं, वह सबसे छोटा था। वह रोजाना पढ़ने के लिए हाथरस से अलीगढ़ जाता था। युवक की मौत से परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है।

विधि छात्रों ने विवि को ठहराया जिम्मेदार
छात्र सचिन की मौत की सूचना पर डीएस कॉलेज के साथी विधि छात्र गांव पहुंच गए। उस दौरान अंतिम संस्कार हो रहा था। प्रायुल अग्निहोत्री ने बताया कि सचिन उनका जूनियर था। दो-तीन नंबर कम आने के कारण उसका तृतीय सेमेस्टर में प्रवेश नहीं हो रहा था। इस कारण कई छात्र पिछले 15 दिनों से विवि में धरना दे रहे हैं जिसमें सचिन भी शामिल था। प्रायुल ने बताया कि सचिन शुक्रवार को भी अलीगढ़ आया था और काफी परेशान था। 

डीएस के छात्र नितिन ने बताया कि बैक आने की बात सचिन ने घर नहीं बताई थी। इसलिए परिवार वालों को अधिक जानकारी नहीं। वह कई दिनों से प्रवेश के लिए संघर्ष कर रहा था। छात्राें ने अलीगढ़ के प्रशासनिक अधिकारियों को भी ज्ञापन दिए थे। नितिन व प्रायुल ने आरोप लगाया कि प्रदर्शन पर प्रशासन ने दबाव बनाया और कुलपति ने भी उनकी नहीं सुनी।
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