जनगणना-2027 के प्रथम चरण को संपन्न कराने के लिए हाथरस के मुख्य विकास अधिकारी पीएन दीक्षित की अध्यक्षता में बैठक की गई। इसमें जनपद के सभी खंड विकास अधिकारियों एवं सहायक विकास अधिकारियों (पंचायत) को 7 मई से 21 मई 2026 के बीच स्व-गणना की तैयारी और ग्रामीण क्षेत्रों में व्यापक प्रचार-प्रसार करने के निर्देश दिए गए।
ऐसे करें स्व-गणना
जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी वीरेंद्र कुमार ने जनगणना कार्य निदेशालय से प्राप्त प्रस्तुतीकरण के माध्यम से स्व-गणना की पूरी प्रक्रिया समझाई। उन्होंने बताया कि नागरिक जनगणना पोर्टल
https://se.census.gov.in/ पर जाकर अपना पंजीकरण करेंगे। परिवार के मुखिया का नाम और 10 अंकों का मोबाइल नंबर दर्ज करने के बाद ओटीपी के माध्यम से सत्यापन किया जाएगा। एक मोबाइल नंबर से केवल एक परिवार का ही पंजीकरण संभव होगा।
उन्होंने बताया कि कोई भी व्यक्ति देश में कहीं से भी स्वयं या अपने परिवार के सदस्यों की स्व-गणना कर सकता है। पोर्टल पर भाषा चयन के बाद जिला, पिन कोड, गांव अथवा शहर की जानकारी भरनी होगी तथा मानचित्र पर लाल संकेतक के माध्यम से अपने आवास का सटीक स्थान चिह्नित करना होगा। इसके बाद मकान सूचीकरण से जुड़े प्रश्नों का पृष्ठ खुलेगा, जिसमें भवन के उपयोग, निर्माण सामग्री, कमरों की संख्या, स्वामित्व, जल, विद्युत, शौचालय, खाना पकाने के ईंधन तथा रेडियो, टीवी, इंटरनेट, लैपटॉप, कंप्यूटर, मोबाइल फोन और वाहन जैसी कुल 33 प्रकार की जानकारियां दर्ज करनी होंगी। अंतिम सब्मिट के बाद 11 अंकों की पंजीकरण संख्या मोबाइल पर प्राप्त होगी, जिसे मकान गणना के समय प्रगणक को उपलब्ध कराना होगा।
प्रचार-प्रसार करने के दिए निर्देश
मुख्य विकास अधिकारी ने निर्देश दिए कि सभी खंड विकास अधिकारी ब्लॉक स्तर पर ब्लॉक प्रमुख, ग्राम प्रधान, क्षेत्र पंचायत एवं ग्राम पंचायत सदस्यों, ग्राम विकास और पंचायती राज विभाग के कर्मचारियों, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, पंचायत सहायकों तथा सफाई कर्मियों को प्रशिक्षण दें। साथ ही ग्राम पंचायतों में उपलब्ध ई-रिक्शा और लाउडस्पीकर के माध्यम से प्रतिदिन प्रचार-प्रसार कराया जाए। उन्होंने कहा कि सात मई को प्रथम दिन ब्लॉक प्रमुखों के आवास पर जाकर उनकी स्व-गणना कराई जाए।