याचिका में आरोप है कि मतदान में मृत व्यक्तियों के वोट भी डलवाए गए। मीनू गुप्ता ने याचिका में कहा है कि यदि ईमानदारी से निर्वाचन प्रक्रिया अपनाई गई होती, तो उनका निर्वाचित होना तय था। उन्होंने याचिका में निर्वाचन नामावली का भौतिक सत्यापन कराकर पुनः मतगणना कराए जाने की मांग की है।
हाथरस एडीजे प्रथम महेंद्र श्रीवास्तव के न्यायालय में नगर पंचायत मेंडू के अध्यक्ष सचेंद्र कुशवाह के निर्वाचन के खिलाफ याचिका पर आज सुनवाई हुई। न्यायालय में सुनवाई के दौरान अन्य प्रत्याशियों की ओर से जवाब दाखिल किया गया है। नगर पंचायत अध्यक्ष मेंडू के खिलाफ दाखिल निर्वाचन याचिका में मीनू गुप्ता ने मतगणना में हेरा फेरी करने, मृत व्यक्तियों के व जेल में बंद व्यक्तियों के वोट डलवाने के गंभीर आरोप लगाए हैं। न्यायालय ने इस मामले में सुनवाई के लिए 4 सितंबर की तिथि नियत की है।
विज्ञापन
उल्लेखनीय है कि नगर पंचायत अध्यक्ष मेंडू के चुनाव में निर्दलीय प्रत्याशी मीनू गुप्ता ने न्यायालय में निर्वाचन याचिका दाखिल की थी। उनका याचिका में आरोप है कि स्थानीय प्रशासन उन्हें अध्यक्ष पद के निर्वाचन में भाग लेने से हतोत्साहित कर रहा था। उन्हें निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में निर्वाचन में भाग लेने हेतु किए गए आवेदन को वापस कराने का दबाव बना रहा था। यहां तक कि निर्वाचन के प्रचार-प्रसार करने में भी बाधा पहुंचा रहा था। फिर भी उन्होंने निर्भय होकर निर्वाचन में भाग लिया।
मतदान के दिन याची को भरपूर जन समर्थन व वोट मिले। याचिका में आरोप है कि मतदान में मृत व्यक्तियों के वोट भी डलवाए गए। मीनू गुप्ता ने याचिका में कहा है कि यदि ईमानदारी से निर्वाचन प्रक्रिया अपनाई गई होती, तो उनका निर्वाचित होना तय था। उन्होंने याचिका में निर्वाचन नामावली का भौतिक सत्यापन कराकर पुनः मतगणना कराए जाने की मांग की है।
विज्ञापन
मीनू गुप्ता के अधिवक्ता यज्ञदत्त गौतम, अजय कुलश्रेष्ठ व सचेंद्र कुशवाह के अधिवक्ता राकेश वल्लभ वशिष्ठ ने बताया कि न्यायालय में इस मामले में सुनवाई के लिए 4 सितंबर की तिथि नियत है।