न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
जिले के कॉमन सर्विस सेंटर (सीएससी) संचालक गांव-गांव में शिविर लगाकर आयुष्मान भारत योजना के तहत लाभार्थियों के कार्ड बना रहे हैं। योजना के तहत गरीब परिवारों को पांच लाख रुपये तक का इलाज मुफ्त मिलता है। अब तक जिले में हजारों लाभार्थियों का इस योजना के तहत इलाज हो चुका है।
खास बात ये भी है कि इस योजना के कार्ड की मदद से लाभार्थी किसी भी निजी अस्पताल में जरूरत के मुताबिक इलाज करा सकते हैं। जिले में आयुष्मान भारत योजना के कार्ड बनवाने के लिए डीएम के आदेश पर सभी सीएससी संचालक गांव-गांव जाकर शिविर लगा रहे हैं और लाभार्थियों को योजना के लाभ बता रहे हैं। यहां तक कि सीएससी संचालक रात में भी शिविर लगाकर कार्ड बना रहे हैं, जिससे कोई भी लाभार्थी इस योजना से वंचित न रह सके।
पात्र लाभार्थी के कार्ड पर अन्य लोगों की केवाईसी
हाथरस। जिले के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर भी आयुष्मान भारत योजना के तहत लाभार्थियों के गोल्डन कार्ड बनाए जा रहे हैं। पिछले दिनों एक सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर पता चला था कि आयुष्मान मित्र द्वारा पात्र लाभार्थियों के कार्ड पर ही परिवार के अन्य सदस्यों को भी जोड़ने के लिए उनकी भी केवाईसी कराई जा रही थी। इस तरह सीएचसी पर तैनात आयुष्मान मित्र लक्ष्य को पूरा करने के लिए फर्जी तौर पर केवाईसी कर रहे हैं। हालांकि इस मामले को तत्काल अधिकारियों ने दबा दिया और आयुष्मान मित्र को फर्जी केवाईसी न करने की सलाह दी।