न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण द्वारा लोक निर्माण के क्षेत्रांतर्गत आने वाले कई ग्रामीणों को क्षतिग्रस्त कर दिया गया है। इन मार्गों को दुरुस्त कराए जाने को लेकर अधिशासी अभियंता ने परियोजना प्रबंधक परियोजना क्रियान्व्यन इकाई ने एनएचएआई को पत्र लिखा है। उन्होंने कहा है कि कई बार पत्राचार के बावजूद इन मार्गों की मरम्मत नहीं कराई गई है। उन्होंने कहा है कि अन्यथा की स्थिति में विधिक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
लोनिवि के अधिशासी अभियंता राजेश निगम ने पत्र के माध्यम से कहा है कि राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या 91 (एनएच-91) के चौड़ीकरण का कार्य किया जा रहा है। इस कार्य में भारी मशीनरी का उपयोग किया जा रहा है। इस कारण आसपास के ग्रामीण क्षेत्र के मार्ग क्षतिग्रस्त हो गए हैं। इस चौड़ीकरण एवं सरचना निर्माण के लिए मृदा की आपूर्ति लोनिवि के ग्रामीण मार्गों पर ओवरलोड डंपरों द्वारा की जा रही है। ग्रामीण मार्गों का निर्माण इस प्रकार बार बार अत्यधिक भार वहन क्षमता के लिए निर्मित नहीं होते हैं। इसके कारण ग्रामीण मार्ग लगभग ध्वस्त हो गए हैं।
इस कारण क्षेत्रीय जनता द्वारा इन भागों की मरम्मत और स्थिति में सुधार के लिए लानिवि में लगातार शिकायत की जा रही है। पूर्व में भी एनएचएआई को सूची दी गई है, लेकिन अभी तक इस सूची के मार्गों पर किसी प्रकार का कोई मरम्मत/ सुधार नहीं कराया गया और न ही आपके कार्यालय द्वारा इस समस्या के लिए कोई संज्ञान लिया गया है। उन्होंने कहा है कि ध्वस्त मार्गों की मरम्मत कार्य न होने की स्थिति में विधिक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। संवाद
ये मार्ग हैं क्षतिग्रस्त
सुल्तानपुर मार्ग से दौकली ग्रामीण मार्ग, रतिभानपुर भेंकुरी मार्ग, जीटी मार्ग से जिरौली कलां मार्ग, पीबी मार्ग से मनौरा मार्ग, जीटी मार्ग से मुगलगढ़ी मार्ग, पीबी मार्ग से नौजरपुर मार्ग, टोली से कचौरा मार्ग, जीटी मार्ग से हीरापुर, पुरदिलनगर से हसायन मार्ग, भदवास रजबहे की पटरी, जीटी रोड से सिकंदरपुर।