संवाद न्यूज एजेंसी, हाथरस।
कोतवाली सदर इलाके के गांधी चौक घंटाघर निवासी रीता अग्रवाल की हत्या उसके बेटे यशू (22) ने ही की थी। शेयर मार्केट में 27 लाख रुपये गंवाने पर मां ने उसे डांट लगाई थी। इसी से क्षुब्ध होकर यशू ने तकिया से मुंह दबाकर मां की हत्या की थी। हत्या करने के बाद वह घर का ताला बाहर से बंद कर भाग गया था।
शहर के बीचोंबीच हुई इस सनसनीखेज वारदात का पुलिस ने खुलासा करते हुए रीता के पुत्र यशू उर्फ नंदू को रोडवेज बस स्टैंड के पास से गिरफ्तार कर लिया है। उल्लेखनीय है कि 24 मई की रात्रि 11 बजे के लगभग पुलिस ने घंटाघर गांधी चौक निवासी संजय अग्रवाल की पत्नी रीता अग्रवाल (50) का शव उनके घर के अंदर से बरामद किया था।
घर से बाहर ताला लगा हुआ था और पुलिस ने ताला तोड़कर शव बरामद किया था। रीता का शव बिस्तर पर पड़ा था और नाक से खून बह रहा था। देखने से यह प्रतीत होता था कि रीता की हत्या तकिया से मुंह व नाक दबाकर की गई है। पुलिस ने वहां गहनता से छानबीन की थी।
घर के ही एक और कमरे में साड़ी से फांसी का फंदा भी बंधा था। पूरे मामले में सनसनीखेज पहलू यह था कि रीता का एकलौता बेटा यशू घटना के बाद से ही घर से गायब था। ऐसे में पुलिस उसे तलाश कर रही थी। रीता के पति संजय अग्रवाल का वर्ष 2016 में डेंगू से निधन हो गया था।
यीशू घर के नीचे बनी दुकान में कन्फेक्शनरी का काम करता था। इस वारदात के खुलासे के लिए एसपी विकास कुमार वैद्य ने कई टीमें गठित कर दी थी। पुलिस घटना के बाद से ही यशु की तलाश में जुट गई थी।
मां का मुंह तकिया से दबाकर उतार दिया था मौत के घाट
एसपी विकास कुमार वैद्य ने कहा कि पूछताछ में यशू ने बताया कि उसने ही अपनी मां की हत्या की है। वह शेयर मार्केट में करीब 27 लाख रुपये हार गया था। यह पैसे अपनी मां रीता के खाते से अपना मोबाइल नंबर लिंक कराकर शेयर मार्केट में लगाए थे। इसको लेकर मां डांटती रहती थी। मां की डांट फटकार से वह क्षुब्ध था। रीता अग्रवाल जब सो रही थी तो 24 मई की तड़के साढ़े चार बजे के लगभग उसने तकिया से मुंह दबाकर मार डाला।
मां की हत्या करने के बाद की थी खुदकुशी की कोशिश
पुलिस की मानें तो मां की हत्या करने के बाद यशू ने आत्मग्लानि में खुदकुशी करने की सोची। उसने इसी मकसद से घर के दूसरे कमरे में साड़ी का फंदा भी बनाया लेकिन उसे मौत से डर लग गया और फिर अपने खुदकुशी का इरादा छोड़ दिया। इसके बाद उसने घर के दरवाजे का बाहर से ताला लगा दिया।
मंगलवार की तड़के वह अपनी बाइक से किला स्टेशन पहुंच गया। किला स्टेशन पर उसने अपनी बाइक खड़ी की। एसपी ने बताया कि वहां एचएडी ट्रेन में बैठकर गाजियाबाद पहुंच गया। गाजियाबाद से वह मेट्रो में बैठकर कश्मीरी गेट बस स्टैंड पहुंचा।
वहां से बस से चंडीगढ़ होते हुए अमृतसर पहुंचा। वहां पर स्वर्ण मंदिर में दो दिन रुका था। इसी बीच यशू ने फेसबुक मैसेंजर के माध्यम से अपनी बहन से भी बात की। बहन ने जब उससे वापस आने के लिए कहा तो यशू वापस आकर सोमवार को बहन के यहां जा रहा था। इसी बीच उसे पुलिस ने पकड़ लिया। पुलिस ने किला रेलवे स्टेशन से उनकी बाइक भी बरामद कर ली है।