न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
जिलाधिकारी (डीएम) के ट्विटर अकाउंट पर किसी ने यह सूचना दे दी कि सादाबाद क्षेत्र के गांव तामसी स्थित जेके इंटर कॉलेज परीक्षा केंद्र पर फर्जी परीक्षार्थी परीक्षा दे रहे हैं। इस ट्वीट के बाद जिला प्रशासन हरकत में आ गया। आनन-फानन टीम को मौके पर भेजा गया। परीक्षा केंद्र पर बारीकी से जांच-पड़ताल हुई, लेकिन कोई फर्जी परीक्षार्थी नहीं मिला।
बुधवार को द्वितीय पाली में इंटरमीडिएट की अंग्रेजी की परीक्षा थी। परीक्षा के दौरान करीब चार बजे राधे नाम के ट्विटर हैंडल से जिलाधिकारी हाथरस को संबोधित करते हुए एक ट्वीट किया गया, जिसमें सादाबाद तहसील क्षेत्र के परीक्षा केंद्र जेके इंटर कॉलेज तामसी में फर्जी परीक्षार्थी के होने की सूचना दी गई थी। ट्वीट में कहा गया था कि इस परीक्षा केंद्र पर सोनू नाम के परीक्षार्थी के स्थान पर आशीष नाम का युवक परीक्षा दे रहा है। शिकायत पर डीएम ने परीक्षा केंद्रों के भ्रमण पर मौजूद सचल दलों को जेपी इंटर कॉलेज तामसी भेजा। डॉ. विमला भारत के नेतृत्व वाले सचल दस्ते के अलावा खंड विकास अधिकारी (बीडीओ) सादाबाद और प्रभारी अधिकारी (ओसी) कलेक्ट्रेट अंकुर वर्मा भी अपनी टीम को साथ लेकर तामसी पहुंच गए। सहपऊ कोतवाली से पुलिस बल भी मौके पर पहुंच गया।
टीमें परीक्षा समाप्त होने तक सोनू नाम के परीक्षार्थियों को खोजती रहीं। प्रत्येक कमरे को देखा गया। सभी के प्रवेश पत्र जांचे गए। सोनू नाम का एकमात्र परीक्षार्थी अंग्रेजी की परीक्षा देते पाया गया। वह एसएमएस इंटर कॉलेज मानिकपुर जलेसर रोड का छात्र था। ओसी कलेक्ट्रेट ने कॉलेज के प्रधानाचार्य को मौके पर बुलाकर परीक्षार्थी का सत्यापन कराया। परीक्षा के बाद भी टीमों ने काफी देर तक पूछताछ की। जिले के अन्य केंद्रों पर भी इस नाम के परीक्षार्थी की छानबीन की गई। काफी पड़ताल के बाद संतुष्ट होने पर ही इस परीक्षार्थी को जाने दिया गया। कुल मिलाकर गलत सूचना पर टीमों को काफी देर तक मशक्कत करनी पड़ी। संवाद