न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किए गए दोनों पशु तस्करों को बृहस्पतिवार को पुलिस ने न्यायालय में पेश किया। वहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। यह दोनों शातिर बदमाश हैं और दोनों पर पशु चोरी, आर्म्स एक्ट और जानलेवा हमला करने जैसे कई मुकदमे अलग-अलग थानों में दर्ज हैं।
उल्लेखनीय है कि कोतवाली हाथरस जंक्शन क्षेत्र के गांव फरौली के निकट बुधवार की सुबह साढ़े तीन बजे मेटाडोर में सवार पशु तस्करों से पुलिस की मुठभेड़ हुई थी। इन बदमाशों ने पुलिस दल पर फायरिंग की थी और मेटाडोर से टक्कर मारकर पुलिस की गाड़ी को क्षतिग्रस्त कर दिया था। कई पुलिसकर्मी बाल-बाल बच गए थे। पुलिस की जवाबी कार्रवाई के बाद यह दोनों बदमाश मेटाडोर छोड़कर निकट के खेतों में छिप गए थे।
मेटाडोर में एक भैंस बंधी थी और इसे यह चंदपा से चोरी कर लाए थे। इसके बाद पुलिस ने इनकी घेराबंदी की थी। बुधवार की रात्रि में करीब आठ बजे के लगभग फरौली में ही निकट खेत में छिपे बैठे इन बदमाशों से फिर पुलिस की मुठभेड़ हो गई थी। पुलिस की फायरिंग में इन दोनो के पैर में गोली लग गई थी। पुलिस इन्हें उपचार के लिए जिला अस्पताल लेकर आई थी।
वहां इन्होंने अपने नाम सद्दाम निवासी मीरपुर थाना खुर्जा नगर जिला बुलंदशहर व निजामुद्दीन निवासी शहजादपुर नदरई कासगंज बताए थे। दोनों शातिर बदमाश हैं। इन पर गोवध अधिनियम, पशु चोरी, जानलेवा हमले के मुकदमे दर्ज हैं। सद्दाम पर इस तरह के 17 मुकदमे और निजामुद्दीन पर 20 मुकदमे दर्ज हैं। इसमें से कई मुकदमे जिले के अलग-अलग थानोें में दर्ज हैं। पहले भी पुलिस इन्हें गिरफ्तार कर चुकी है। बृहस्पतिवार को पुलिस ने इन्हें न्यायालय में पेश किया। वहां से इन्हें जेल भेज दिया गया। संवाद