गत 14 फरवरी को शाम करीब सात बजे सराफा कारोबारी मनोज कुमार वर्मा बेटे हर्ष के साथ निरंजन बाजार स्थित अपनी दुकान बंद कर स्कूटी से घर लौट रहे थे। स्कूटी हर्ष चला रहा था, रास्ते में हाथरस रोड पर स्टेट बैंक की शाखा के सामने दो बदमाश हर्ष की आंखों में मिर्च झोंककर स्कूटी और आभूषण से भरा बैग लूटकर फरार हो गए थे।
सीओ हिमांशु माथुर ने बताया कि इस मामले में सादाबाद कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज की गई थी। पुलिस अधीक्षक ने घटना के खुलासे के लिए सादाबाद पुलिस के साथ ही एसओजी व सर्विलांस टीम को भी लगाया था। रविवार की रात को एसओजी टीम व सादाबाद पुलिस की मडनई रोड से मथुरा रोड की तरफ बदमाशों से मुठभेड़ हो गई। बदमाशों की फायरिंग का जवाब में पुलिस ने भी दिया और इसमें फरहान पैर में गोली लगने से घायल हो गया। कांबिंग के दौरान तीन और लोगों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। इनके कब्जे से लूटे हुए 600 ग्राम पीली (सोना) व 200 ग्राम सफेद धातु (चांदी) के आभूषण, दो 315 बोर के तमंचे, एक खोखा, एक कारतूस और एक मिस कारतूस बरामद हुआ है। स्कूटी को बाद में गांव गिगला गांव के तालाब से बरामद कर लिया गया।
गिरफ्तार आदर्श वर्मा भी सराफा कारोबारी है और उसकी मनोज वर्मा के बराबर में ही दुकान है। इसने रेकी की और फरहान घटना में शामिल अपने दो अन्य साथियों को बुलाया था। गिरफ्तार अभियुक्तों ने पूछताछ में घटना में शामिल होना स्वीकार करते हुए बताया कि मनोज वर्मा का बेटा हर्ष अभियुक्त फरहान की बहन से चैटिंग करता था, जो फरहान को पसंद नहीं था। वह उसे सबक सिखाना चाहता था। आदर्श वर्मा एक जिम में जाता था, जहां फरहान भी आता था और दोनों में वहीं दोस्ती हुई। दोनों ने मिलकर घटना की साजिश रची। पुलिस का दावा है कि लूटे गए आभूषणों को इन्होंने बंबे के पास छिपा दिया था। यह उसे बांटने की फिराक में थे। संवाद
फरहान के खिलाफ दर्ज हैं एक मुकदमा
पुलिस के अनुसार अभियुक्त फरहान शातिर अपराधी है और उसके खिलाफ थाना सादाबाद में हत्या की कोशिश और आर्म्स एक्ट का मामला दर्ज है। वह पूर्व में जेल जा चुका है। पुलिस उसके व अन्य आरोपियों के आपराधिक रिकार्ड की छानबीन कर रही है।