संवाद न्यूज एजेंसी, हाथरस।
जनपद न्यायाधीश सुनील कुमार सिंह प्रथम ने हाईकोर्ट के आदेश पर न्यायालय में कार्यों के दिन का निर्धारण किया है। किस दिन कौन से न्यायिक अधिकारी काम करेंगे, इसे लेकर भी उन्होंने आदेश जारी किया है। फौजदारी प्रकृति के वादों का कार्य सोमवार से शनिवार तक जिला जज सुनील कुमार सिंह प्रथम के न्यायालय में, सोमवार व मंगलवार को सीजेएम-एसीजेएम के न्यायालय में सुशील कुमार सिंह अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की कोर्ट में, बुधवार व बृहस्पतिवार को मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट-अपर सिविल जज (जूनियर डिवीजन) कोर्ट संख्या - 2 न्यायिक अधिकारी दीपिका अत्री अपर सिविल जज (जू .डि.) कोर्ट संख्या दो व शुक्रवार और शनिवार को मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट-अपर सिविल जज (जूनियर डिवीजन) कोर्ट संख्या तीन न्यायिक अधिकारी मोहम्मद आरिफ के न्यायालय में होगा।
इसी क्रम में दीवानी के काम भी तिथिवार निर्धारित किए हैं। सोमवार से शनिवार तक जनपद न्यायाधीश सुनील कुमार सिंह प्रथम के न्यायालय में होंगे। सोमवार, मंगलवार व बुधवार को सिविल जज (सी.डि.) नम्रता सिंह, बृहस्पतिवार, शुक्रवार, शनिवार को सिविल जज (सी.डि.) -सिविल जज (सी.डि.)- एफटीसी हाथरस न्यायिक अधिकारी प्रतिभा के न्यायालय में होंगे।
सोमवार व मंगलवार को दीवानी कार्य सिविल जज (जूनियर डिवीजन) योगेश जैन के न्यायालय में होंगे। बुधवार को सिविल जज-अपर सिविल जज (जू.डि.) कोर्ट संख्या प्रथम जीशान मेंहदी अपर सिविल जज (जू.डि.) कोर्ट संख्या प्रथम के न्यायालय में होंगे। बृहस्पतिवार को भावना शर्मा अपर सिविल जज (जूनियर डिवीजन) कोर्ट संख्या-05, शुक्रवार को नेगी चौधरी अपर सिविल जज (जूनियर डिवीजन) कोर्ट संख्या छह, शनिवार को गौरव दीप सिंह अपर सिविल जज (जूनियर डिवीजन) कोर्ट संख्या चार के न्यायालय में होंगे।
जिला न्यायाधीश के आदेश के मुताबिक वाह्य न्यायालय सादाबाद में सोमवार से बुधवार तक दीवानी व फौजदारी के वाद के कार्य डॉ. लकी अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट-सिविल जज (सी.डि.) सादाबाद व बृहस्पतिवार से शनिवार तक यह कार्य सौरभ कुमार गौतम सिविल जज (जू.डि.) - जेएम सादाबाद के न्यायालय में होंगे।
सिकंदराराऊ में सोमवार से शनिवार तक दीवानी व फौजदारी के वाद के काम मुख्यालय के उपस्थित संबधित अधिकारी के न्यायालय में होंगे। जिला न्यायाधीश ने आदेश में कहा है कि विचाराधीन बंदियों के रिमांड का कार्य वीडियो क्रांफेंसिंग से सत्येंद्र सिंह वीरवान एडीजे-एफटीसी कोर्ट संख्या प्रथम द्वारा किया जाना जारी रहेगा।
मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट हाथरस द्वारा नामांकित न्यायिक मजिस्ट्रेट रिमांड कार्य वीसी के माध्यम से किया जाना सुनिश्चित करेंगे। न्यायालय परिसर में न्यूनतम प्रवेश सुनिश्चित करने के लिए पीठासीन अधिकारी अपने न्यायालय-कार्यालय में कार्यरत 50 प्रतिशत कर्मचारियों की उपस्थिति अनिवार्य रखेंगे। केवल वही अधिवक्ता व वादी कोर्ट परिसर में मौजूद रहेंगे, जिनके वाद उस दिन नियत होंगे।