क्षेत्रीय प्रबंधक अमित कुमार जैन ने बताया कि प्रदेश के 26 जनपदों में आर्यावर्त बैंक के 1367 शाखाएं ग्राहकों को ऋण वितरण, बैंकिंग सुविधा, बीमा, आधार कार्ड सहित अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराती है। वर्तमान में बैंकिंग उद्योग एनपीए एवं लाभप्रदता जैसी अनेक चुनौतियों से जूझ रहा है।
हाथरस के आर्यावर्त बैंक में बैंक अदालत का आयोजन किया जाएगा। इस मौके पर कोरोना काल में ऋण जमा न करने व अन्य वजहों से ऋण जमा में आ रही दिक्कतों के लंबित मामलों की सुनवाई की । इस दौरान 137 मामलों का निस्तारण किया गया।
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क्षेत्रीय प्रबंधक अमित कुमार जैन ने बताया कि प्रदेश के 26 जनपदों में आर्यावर्त बैंक के 1367 शाखाएं ग्राहकों को ऋण वितरण, बैंकिंग सुविधा, बीमा, आधार कार्ड सहित अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराती है। वर्तमान में बैंकिंग उद्योग एनपीए एवं लाभप्रदता जैसी अनेक चुनौतियों से जूझ रहा है। उन्होंने बताया कि क्षेत्रीय कार्यालय के अंतर्गत आने वाली हाथरस व मथुरा की सभी 55 शाखाओं के ऋण खाताधारकों को जिनकी कोरोना विभीषिका सहित किसी अन्य आपदा के कारण ऋण जमा नहीं हो सका, उनके लिए एकमुश्त समाधान योजना शुरू कर रही है।
उन्होंने बताया कि इस योजना के तहत पुराना ऋण वाले ग्राहकों को छूट के साथ ऋण जमा करने की सुविधा दी जा रही है। उन्होंने बताया कि इस अदालत के दौरान 167 मामलों का निस्तारण किया गया। इस दौरान 35 लाख रुपये की धनराशि जमा की गई। इस दौरान वरिष्ठ प्रबंधक शौर्य प्रताप सिंह, दीपक वाष्र्णेय, संदीप विसनावत, मनोज सेंगर, मंजीत सिंह, सौरभ सेठी, ललित शर्मा, संदीप निगम, हर्षित खंडेलवाल, आलोक गुप्ता आदि मौजूद रहे।