एक युवक ने खींचा मोबाइल में फोटो
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो हाथरस
सादाबाद। सादाबाद क्षेत्र की सीमा से सटेे गांव फतेहपुरा करनऊ में मंगलवार को भी दहशत कायम रही। तमाम कोशिशों के बाद भी वन विभाग की तीन टीमें इस तेंदुए जैसे गुलदार नामक जानवर नहीं ढूंढ पाई, लेकिन गांव के एक युवक के मोबाइल में यह जानवर कैद जरूर हो गया।
बता दें कि सोमवार को गांव करनऊ में शौच आदि के लिए खेतों की ओर गए आधा दर्जन किसानों पर इस जानवर ने हमला बोल दिया था, जिससे वह घायल हो गए थे। इन घायल किसानों को मथुरा के एक हॉस्पीटल में भर्ती कराया गया था। आगरा मथुरा की वन विभाग की टीमों ने इसे पकड़ने के लिए गांव में एक पिंजरा भी लगाया था, लेकिन मंगलवार को भी पूरे दिन मथुरा, नौहझील और मांट की वन विभाग की टीम इस जानवर को नहीं पकड़ पाईं। इन टीमों ने इस जानवर को ढूंढने के लिए गांव में उगी झाड़ियों को भी जेसीबी के माध्यम से साफ करा दिया, लेकिन फिर भी टीमें खाली हाथ रहीं। हालांकि गांव के ही एक युवक को उस वक्त यह जानवर दिखाई दे गया, जब वह खेतों में खोए अपने एक मोबाइल को ढूंढने निकला था। जब उसने इस जानवर को पेड़ पर बैठे देखा तो उसने अपने दूसरे मोबाइल से इसका फोटो भी खींच लिया और गांव में सबको दिखाया। इस फोटो को देखने के बाद गांव वालों में और अधिक दहशत फैल गई। इस गुलदार नामक जानवर ने शाम को दो सियार और एक नीलगाय पर हमला बोल कर उन्हें घायल कर दिया। इससे पूरे दिन गांव के ग्रामीणों में दहशत बनी रही। ग्रामीणों की काफी भीड़ खेतों के आसपास ही जमा रही। फतेहपुरा करनऊ के निकट सादाबाद क्षेत्र के गांव गढ़ी ख्याली, गढ़ी रंजीता, पचावरी एवं गढ़ी खमानी के ग्रामीणों में भी दूसरे दिन भी दहशत कायम रही। इन गांव के ग्रामीणों में भय था कि कहीं तेंदुआ इन गांव की ओर अपना रुख न कर ले।