हाथरस। सिकंदराराऊ थाना क्षेत्र में लूटपाट के बाद गला रेतकर कार से फेंकी गई महिला के घटनाक्रम से पुलिस ने 48 घंटे के अंदर ही पर्दा उठा दिया है। संतान न होने पर महिला की हत्या की कोशिश उसके ही पति ने ही की थी। इसके लिए उसने भाड़े के बदमाशों को 28 हजार रुपये में बुलाया था। तीन साल बाद भी संतान न होने पर आरोपी महिला से छुटकारा पाना चाह रहा था। इसी मामले को लेकर दंपति में अनबन भी चल रही थी।
एएसपी संसार सिंह के मुताबिक पुलिस को पहले ही महिला के पति मुकेश निवासी ऊधमसिंह नगर (देहरादून) पर शक था। इसलिए महिला को अलीगढ़ रेफर किए जाने के बाद पुलिस की एक टीम को उसके साथ भेजा गया था। मुकेश की कॉल डिटेल्स निकालकर पुलिस ने छानबीन शुरू कर दी थी लेकिन इसका अहसास मुकेश को नहीं होने दिया। महिला के परिजनों से भी पुलिस ने पूछताछ के बाद दंपति के बीच के संबंधों की हकीकत पता कर ली थी।
परिजनों ने पुलिस को बताया था मुकेश से अनबन के बाद रजनी काफी समय से बरेली में अपने मायके में रह रही थी। अचानक मुकेश के व्यवहार में परिवर्तन आया और वह नई कार खरीदने के बाद रजनी को ताजमहल दिखाने के बहाने बरेली से आगरा ले जा रहा था। पुलिस ने शुक्रवार देर रात को आरोपी के फोन की कॉल डिटेल्स रिकॉर्ड और बातचीत के आधार पर घटना का खुलासा कर दिया।
एएसपी संसार सिंह के मुताबिक शनिवार को इस मामले में प्रेसवार्ता कर ज्यादा जानकारी दी जाएगी। मालूम हो कि बदायूं के पास कार में सवार हुए आरोपियों ने रजनी से लूटपाट के बाद उसका गला रेतकर उसे कार से फेंक दिया था। घायल हालत में पुलिस ने रजनी को जिला अस्पताल में भर्ती कराया था। अलीगढ़ के एक निजी अस्पताल में ऑपरेशन के बाद रजनी की हालत स्थिर बनी हुई है।