बाल विवाह जैसी कुरीति आज के दौर में भी मौजूद है। पुलिस की कोशिश के कारण चंदपा में एक किशोरी बाल विवाह जैसी कुरीति का शिकार होने से बच गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने बाल विवाह को रुकवा दिया।
पुलिस की कार्रवाई का पता चलते ही बारात वापस लौट गई। पुलिस ने किशोरी के परिजनों को हिरासत में ले लिया गया। किशोरी को भी पूछताछ के लिए थाने लाया गया। महिला हेल्पलाइन नंबर 181 की टीम को भी बुलाया गया है।
पुलिस के मुताबिक थाना क्षेत्र के गांव बघना में 15 वर्षीय किशोरी तनु पुत्री धर्मवीर के विवाह की सूचना गांव के ही एक शख्स ने यूपी 100 को दी थी। तनु कक्षा सात की छात्रा है। उसकी शादी गुरुग्राम के बॉबी से उसके पिता ने तय की थी। बॉबी ऑटो चालक है। परिजनों को पुलिस की कार्रवाई का डर था इसलिए पूरा कार्यक्रम काफी गोपनीय रखा गया था। तय कार्यक्रम के मुताबिक सोमवार रात को बारात गुरुग्राम से हाथरस आ रही थी। रात को बारात के पहुंचते ही फेरे पड़ने वाले थे लेकिन गांव के लोगों को इसकी भनक लग गई थी। महज 15 साल की कक्षा सात की तनु की मासूमियत को देखकर कई लोग उसकी शादी के खिलाफ हो गए थे। गांव की कई समझदार महिलाएं भी इस शादी को रुकवाने के लिए प्रयासरत थीं।
इन्हीं में से किसी ने यूपी 100 को सोमवार रात सूचना दे दी। यूपी 100 मौके पर पहुंची तो खलबली मच गई। मामले की जानकारी करने के बाद यूपी 100 ने थाना पुलिस को बुला लिया। मौके पर पहुंचने के बाद थाना पुलिस ने महिला थाने की एसओ पंकज रानी और महिला सिपाहियों को बुलाया। मामले की जानकारी आला अधिकारियों को देते हुए माता-पिता को हिरासत में ले लिया। पुलिस कार्रवाई की भनक बारातियों को भी लग गई। चंदपा के नजदीक पहुंचने के बावजूद बारात गांव तक नहीं आई और वापस लौट गई।
एसओ विनोद कुमार का कहना है कि माता-पिता को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। किशोरी को भी महिला पुलिस के संरक्षण में रखा गया है। पूछताछ और जांच पड़ताल के बाद कार्रवाई की जाएगी। महिला थाने की एसओ पंकज रानी ने बताया कि महिला उत्पीड़न से संबंधित हेल्पलाइन181 की टीम को भी बुलाया गया है। इसके बाद ही आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।