प्रसूता की मां ओमवती का कहना है कि बृहस्पतिवार की दोपहर को उसकी बेटी पूजा के मरा हुआ बेटा पैदा हुआ है। जबकि प्रसव से पहले बच्चा ठीक -ठाक था। पूजा के प्रसव से पहले कई जांच भी कराई गईं थीं। हर जांच में बच्चा ठीक बताया गया था। पूजा के प्रसव के दौरान परिवार के लोग काफी खुश थे। पूजा के यह तीसरा बच्चा था। प्रसव के दौरान जब स्टाफ नर्स ने बच्चे को मरा हुआ घोषित किया तो परिवार में खुशी के माहौल की जगह मातम छा गया। खर्चा के नाम पर स्टॉफ नर्स ने 950 रुपये जबरन ले लिए।
पहले भी इस तरह के मामले आए सामने
गांव अहरई की राजबेटी ने भी आरोप लगाते हुए कहा है कि जब उसकी पुत्रवधू के बेटा पैदा हुआ था तब भी 1100 रुपये एक स्टाफ नर्स ने लिए थे। कुछ कागजात भी जमा कराए थे। स्टाफ नर्स ने यह भी कहा था कि उनके खाते में बहुत जल्द ही पैसे आएंगे, लेकिन डेढ़ वर्ष बीत जाने के बाद भी अभी तक रुपये नहीं आए हैं। कई बार शिकायत की गई है, लेकिन मुरसान सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर कोई सुनवाई नहीं हुई।