दिवाली के मद्देनजर स्वास्थ्य विभाग ने बर्न वार्ड के इंतजाम पुख्ता करने शुरू कर दिए हैं। चिकित्सकीय स्टॉफ को अलर्ट मोड पर रखा गया है। बर्न वार्ड में बेड बढ़ाकर इनकी संख्या 14 कर दी गई है। चिकित्सकों की कमी के कारण स्टॉफ की छुट्टियां निरस्त कर दी गई हैं। जलने के क्रिटिकल केस के लिए यहां व्यवस्थाएं नहीं है, फिर भी उपलब्ध संसाधनों में ही अधिकारी बेहतर सेवाएं देने का दावा कर रहे हैं।
बागला जिला चिकित्सालय में बर्न वार्ड स्थापित है, लेकिन यहां केवल चार बेड ही हैं। बेड की कमी के चलते दूसरे कक्ष को भी बर्न वार्ड में तब्दील किया जा रहा है, जिससे बेड संख्या 14 हो जाएगी। इसके अलावा जिले में केवल सिकंदराराऊ के ट्रामा सेंटर में बर्न वार्ड मौजूद है। संसाधनों की कमी के कारण यहां क्रिटिकल केयर बर्न वार्ड नहीं है। क्रिटिकल केयर वार्ड के लिए कीटाणुरहित व नियंत्रित वायु दबाव वाली इकाई होनी चाहिए। आईसीयू व विशेष सर्जिकल उपकरण होने चाहिए। लेकिन जिले में यह व्यवस्थाएं नहीं हैं।
सर्जन नहीं, रेफर करने पड़ेंगे मरीज
जिल अस्पताल में कोई सर्जन नहीं है। गंभीर रूप से जलने वाले मामलों में सर्जन की आवश्यकता पड़ती है। यदि ऐसी कोई स्थिति बनती है तो प्राथमिक उपचार के बाद मरीज को मेडिकल कॉलेज अलीगढ़ रेफर किया जाएगा।
छुट्टियों पर लगाई रोक
एडी हेल्थ ने जिले के चिकित्सकों की छुट्टियों पर रोक लगा दी है। इस बाबत आदेश सीएमएस कार्यालय पहुंच गया है। इधर डीएम ने भी दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं। सीएमएस डॉ. सूर्यप्रकाश ने बताया कि सभी चिकित्सकों की छुट्टियों पर रोक लगा दी गई है। इधर, सीएमओ डॉ. मंजीत सिंह ने भी सभी सीएचसी व पीएचसी के लिए यह आदेश जारी कर दिए हैं।
आई सर्जन की लगी ड्यूटी
सीएमएस डाॅ. सूर्यप्रकाश ने बताया कि बर्न वार्ड में स्पेशल ड्यूटी लगाई गई है। 19 अक्तूबर से फिजीशियन डाॅ. वरुण चौधरी यहां मौजूद रहेंगे। आई सर्जन 24 घंटे ऑन कॉल उपलब्ध रहेंगे। सहायक स्टॉफ को प्रशिक्षण दिया जा रहा है। चिकित्सक व सहायक स्टॉफ की छुट्टियों पर रोक लगा दी गई है।