पालिका परिषद की उदासीनता से चोक नालों की सफाई समय
पर न होने का खामियाजा अबकी जनता को भुगतना होगा। नगर क्षेत्र में 18 नालों
में कुछ की सफाई कर खानापूरी कर दी गई, पर अधिकांश नालों में सिल्ट जमा
है, जिससे मामूली बारिश में ही इन नालों का पानी सड़क पर आ जाता है।
वहीं
नगर के कई मोहल्लों में बारिश का पानी भर जाता है। उधर, बहादुर नगर से
गुजरने वाले नाले का पानी बारिश में सड़काें पर आ जाता है। मोहल्लेवासियों
का कहना है कि इन नालों की सफाई पिछले एक साल से नहीं कराई गई, जिससे आए
दिन नाले का गंदा पानी सड़काें पर आ जाता है।
यही समस्या मोहल्ला मंडई,
मानस नगर, सुंदरियाबाग में है, जिससे मोहल्लेवासी काफी परेशान हैं। उनका
कहना है कि बारिश के दौरान नाले का पानी घरों के अंदर आ जाता है। इसके
अलावा स्टेशन की ओर जाने वाले मार्ग पर बने नाले में जगह-जगह कचरा भरा हुआ
है। जिससे उठ रही दुर्गंध उधर से आने जाने वालों को परेशान कर रही है।
मामूली
सी बारिश होने के बाद पालिका कार्यालय के पास स्थित नाले का पानी कार्यालय
परिसर में जमा हो जाता है। जल भराव से पालिका के कर्मी भी गंदे पानी से
होकर गुजरते हैं। नाले का पानी पशु अस्पताल के परिसर में भी भर जाता है,
जिससे यहां आने वाले पशुपालकोें व अस्पताल कर्मियों को दिक्कतों का सामना
करना पड़ता है।
नालों की सफाई को लेकर पालिका प्रशासन का दावा है कि
कर्मियों की एक टीम का गठन कर समय-समय पर नालों की सफाई कराई जाती है। इसके
अलावा 14 बड़े नालों की सफाई को टेंडर प्रक्रिया अपनाकर उसका ठेका दे दिया
गया। ठेकेदार की टीम इन नालों की सफाई करवा रही है।