दो सगे भाई घर की एक कोठरी में फांसी के फंदे पर झूल गए। परिजनों ने पुलिस को सूचना दिए बिना शवों का अंतिम संस्कार कर दिया। इनकी आत्महत्या के कारणों पर घरवाले कुछ न बता सके। गांव के लोग भी चुप हैं। पुलिस ने यह कहकर पल्ला झाड़ लिया कि जानकारी नहीं है। जांच कराई जाएगी।
यह सनसनीखेज घटना शुक्रवार दोपहर लोनार थाना क्षेत्र के ग्राम नेवाद चौगवां के मजरा रामपुर चटौली में हुई। यहां के पापेंद्र (25) पुत्र गुरुबक्श और उसके भाई शीलू (22) ने कोठरी में एक साथ फांसी लगा ली। दोनों के शव आमने-सामने लटकते मिले। घटना की जानकारी होते ही परिवार में कोहराम मच गया। परिजनों ने गांव के लोगों की मदद से दरवाजा खोलकर दोनों को नीचे उतारा लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। परिजनों और गांव के लोगों ने पुलिस को सूचना दिए बिना अंतिम संस्कार कर दिया।
परिजनों के मुताबिक पापेंद्र की शादी पांच साल पहले हुई थी। उसके तीन साल का पुत्र है। सूचना पाकर उसकी गर्भवती पत्नी मायके से यहां पहुंची। शव देखकर बिलख पड़ी। घरवालों ने बताया कि पापेंद्र मानसिक रूप से बीमार रहता था। शीलू अविवाहित था। इन्होंने जान क्यों दी, इस बारे में परिजन कुछ भी नहीं बता सके। घटना के बाद से पापेंद्र की पत्नी और उसके पुत्र का रो रोकर बुरा हाल है। इस बाबत लोनार थानाध्यक्ष एसबी सिंह ने बताया कि थाने में इस संबंध में कोई जानकारी नहीं दी गई। वह इस मामले की जानकारी कराएंगे।