गोपामऊ बस अड्डे से सवारियों को बैठाने पर रोडवेज बस
के चालक व परिचालक को धमकियां देने में कार्रवाई की मांग को लेकर सोमवार को
धरना प्रदर्शन किया गया। रोडवेज कर्मचारी संयुक्त परिषद उत्तर प्रदेश के
तत्वावधान में रोडवेज चालक व परिचालकों ने बस अड्डे पर धरना प्रदर्शन कर
डग्गामार बस मालिक व स्टाफ की गिरफ्तारी की मांग की।
रोडवेज कर्मचारी
संयुक्त परिषद के चालक और परिचालकों ने बस अड्डे पर धरना प्रदर्शन कर
डग्गामार वाहनों के स्टाफ की दबंगई पर कार्रवाई की मांग की। हरदोई डिपो
शाखा अध्यक्ष जितेंद्र बहादुर ने बताया कि रोडवेज कर्मियों द्वारा डग्गामार
वाहनों के विरुद्ध शुरू किए गए आंदोलन से क्षुब्ध होकर बीते 19 दिसंबर को
रोडवेज बस द्वारा गोपामऊ से सवारियां बैठाने पर पिसावां, गोपामऊ, पिहानी,
दिल्ली के लिए संचालित डग्गामार बस के स्टाफ ने गाली गलौज की और सवारियाें
को उतारने का प्रयास किया।
सवारियां नहीं उतरीं तो चालक ने बस को टक्कर
मारी, जिससे बस का हैंडिल टूट गया। डग्गामार बस स्टाफ ने गोपामऊ गैस गोदाम
के सामने 20 से 25 लोगों द्वारा घेराव भी किया और पिहानी अड्डे पर भी घेराव
का प्रयास किया। परिचालक धर्मेंद्र पांडेय द्वारा पुलिस को सूचना देने
पर वह भाग गए। जिसके बाद से चालक व परिचालक को मोबाइल फोन से धमकियां मिल
रही हैं।
शाखा अध्यक्ष ने बताया डग्गामार बस को सीज कर स्टाफ व मालिक को
गिरफ्तार किया जाए। शाखा मंत्री शंकर लाल अग्रवाल ने कहा कि यदि दो सप्ताह
तक कार्रवाई नहीं हुई तो वह लोग आठ जनवरी से दो दिवसीय अनशन और बाद में
आमरण अनशन भी किया जाएगा। रोडवेज कर्मियों ने पैदल मार्च कर डीएम कार्यालय
पहुंचे, जहां नगर मजिस्ट्रेट लक्ष्मीशंकर सिंह को ज्ञापन देकर कार्रवाई की
मांग की।