हरदोई। सोशल ऑडिट के दौरान ई मस्टर रोल निकलने के बाद भी मनरेगा कार्यस्थलों पर मजदूरों के न मिलने और कई जगह उल्लेखित मजदूरों की जगह संख्या कम मिलने के मामले में प्रशासन गंभीर है। मनरेगा उपायुक्त ने हरपालपुर विकास खंड की 29 ग्राम पंचायतों में तैनात ग्राम सचिवों, तकनीकी सहायकों और रोजगार सेवकों से स्पष्टीकरण तलब किया है। उनका एक दिन का वेतन, मानदेय काटने के निर्देश भी जारी किए हैं।
हरपालपुर विकस खंड की 29 ग्राम पंचायतों में कार्य कराने के लिए मस्टर रोल निकाले गए थे। अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी अतुल कुमार राय के निर्देश पर सोशल ऑडिट के ब्लाक समन्वयक हरिनंदन सिंह ने इन सभी ग्राम पंचायतों का स्थलीय सत्यापन कराया तो अधिकांश जगहों पर कार्य होता ही नहीं मिला।
कुछ जगहों पर कार्य मिला, लेकिन मजदूरों की संख्या कम थी। पूरे मामले को अमर उजाला ने 13 नवंबर को प्रकाशित किया था। 16 ग्राम पंचायतों की आख्या बीडीओ रोहिताश्व कुमार, अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी अतुल कुमार राय और सोशल ऑडिट के ब्लाक समन्वयक हरिनंदन सिंह ने 12 नवंबर को ही उच्चाधिकारियों को भेजी थी। जबकि बाकी की आख्या 18 नवंबर को भेजी गई। इसे संज्ञान में लेकर मनरेगा उपायुक्त प्रमोद सिंह चंद्रौल ने सभी 29 ग्राम पंचायतों के सचिवों, तकनीकी सहायकों और ग्राम रोजगार सेवकों से स्पष्टीकरण तलब किया है।
ये है ई-मस्टर रोल
मनरेगा के तहत कराए जाने वाले कार्यों में मजदूरों को लगाने से पहले ई-मस्टर रोल निकाले जाते हैं। ई-मस्टर रोल में कार्य करने वाले मजदूरों का ब्योरा दर्ज रहता है।
इन ग्राम पंचायतों में बरती हीलाहवाली
भूपतिपुर नगला, चांदा महमदपुर, दहेलिया, हरपालपुर, ककरा, ककरौआ, दयालपुर, गौरिया धर्मपुर, घोड़ीधर मुबारकपुर, ढकपुरा, चाऊंपुर, इकनौरा, ज्यूरी चंद्रमपुर, धनियामऊ, कठेठा, खैरुद्दीन, महुआकोली, महदाइनपुर, करकचमऊ, खम्हौरा, खसौरा, महसूलापुर, मलौथा, मिरगावां चौधरियापुर, मुर्चा, मुरबा सहाबुद़्दीनपुर, भुसेरा, नगरा चौधरपुर।