हरदोई। पौराणिक मान्यता है कि होली के त्योहार की शुरूआत हरदोई से हुई है। इसके पीछे मान्यता है कि श्रीहरि के भक्त प्रह्लाद ने होलिका की राख से पहली होली खेली थी। तभी से होलिका पूजन और राख लगाने के बाद रंग-गुलाल खेलने की परंपरा है।
होली के त्योहार का हरदोई से गहरा नाता है। हरदोई को राजा हिरण्यकश्यप की नगरी कहा जाता है। इसके कई अवशेष वर्तमान में भी मौजूद हैं। शहर के सांडी रोड पर भक्त प्रह्लाद का टीला, प्रह्लाद घाट इसकी प्राचीनता को बयां कर रहे हैं। होली त्योहार आते ही यह यादें ताजा होने लगती हैं।