प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा शुरू की गई सांसद
आदर्श ग्राम योजना से जिले के तीन सांसदों ने एक एक गांव चयन कर लिया है।
सांसदों द्वारा ग्रामों का चयन करने के बाद अब उनमें विकास कार्य कराया
जाना है, जिसके लिए गांवों में शुरू हुआ बेस लाइन सर्वे अब पूरा हो चुका
है।
तीनों गांवों में हर परिवार की आर्थिक और सामाजिक स्थिति का विवरण
दर्ज किया जा चुका है और अब गांवों में विकास कार्याें का प्रस्ताव तैयार
किया जाएगा। प्रधानमंत्री ने सांसद आदर्श ग्राम योजना में हर सांसद को
एक-एक गांव को गोद लेकर विकास कार्य कराने को निर्देशित किया है।
हालांकि,
इसके लिए अलग से कोई बजट जारी नहीं किया जाएगा। इसके क्रम में जिले में
राज्य सभा सांसद नरेश अग्रवाल ने सधई बेहटा, सांसद अंशुल वर्मा ने मुंडेेर
गांव तथा सांसद अंजूबाला ने तेजीपुर गांव गोद लिया। सांसदों द्वारा गांवों
का चयन करने के बाद अफसरों को गांव में विकास कार्य कराने को प्रशिक्षण भी
दिया जा चुका है।
वहीं गांवों के भौगोलिक,
सामाजिक व आर्थिक स्थिति को जांचने को बेस लाइन सर्वे भी शुरू करवा दिया
गया। ज्ञात हो कि तीनों गांवों में बेस लाइन सर्वे कर हर परिवार से उसका
पूरा विवरण दर्ज करवा लिया गया है। गांवों का बेस लाइन सर्वे पूरा हो गया
और अब विकास कार्य की रूपरेखा बनाई जानी है।
जिसके लिए विलेज डेवलपमेंट
प्रोग्राम बनाया जाना है। सांसद आदर्श ग्रामों के नोडल अधिकारी उपायुक्त
अनिल सिंह ने बताया कि विकास कार्यों का प्रस्ताव बनने के बाद शासन को
रिपोर्ट भेजी जाएगी और अनुमति के बाद काम शुरू करवाया जाएगा।