बिलग्राम। एक निजी अस्पताल में शनिवार देर शाम प्रसव के दौरान जच्चा-बच्चा की मौत हो गई। मृतका के पिता ने ससुरालीजनों पर पिटाई करने का आरोप लगाया। पीड़ित ने आईजीआरएस पोर्टल पर शिकायत की, लेकिन पुलिस ने फरियाद नहीं सुनी। सिस्टम से परेशान होकर परिजनों ने रविवार को शव का अंतिम संस्कार कर दिया।
बिलग्राम कस्बा के मोहल्ला गुजराती कालोनी निवासी दिनेश ने बताया कि बेटी राधा (23) की शादी पांच वर्ष पूर्व मेरठ जिले के रिजवन निवासी आशीष के साथ की थी। दहेज में सामर्थ्य के अनुसार दहेज दिया था। इसके बाद भी ससुरालीजन दहेज में कार की मांग कर बेटी को प्रताड़ित कर रहे थे। बेटी इन दिनों गर्भवती थी।
आरोप है कि 23 अप्रैल को ससुरालीजनों ने बेटी की पिटाई की थी। मारपीट कर उसे मेरठ स्टेशन पर डाल गए थे। किसी तरह बेटी ने फोन पर सूचना दी थी। वहां से गंभीर हालत में घर लाकर सीएचसी में भर्ती कराया। इसके बाद ससुरालीजनों के खिलाफ आईजीआरएस पोर्टल पर शिकायत की थी, लेकिन पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की थी।
इधर, शनिवार को प्रसव पीड़ा होने पर राधा को शहर के एक अस्पताल में भर्ती कराया। वहां पर प्रसव के दौरान उसने मृत बच्चे को जन्म दिया। कुछ ही देर बाद राधा ने भी दम तोड़ दिया। देर शाम परिजन शव लेकर वापस आए। परिजनों ने सिस्टम पर सवालिया निशान लगाते हुए रविवार की सुबह शव का अंतिम संस्कार कर दिया। कोतवाल राजवीर सिंह ने बताया कि घटना संज्ञान में नहीं है। इस संबंध में परिजनों ने सूूचना नहीं दी।