हरदोई। करीब पांच साल पुराने हत्या के मामले में आरोपी को दोषी करार देते हुए अपर जिला जज कुसुम लता (कोर्ट संख्या चार) ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। 25 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माने की 90 प्रतिशत रकम बतौर क्षतिपूर्ति मृतक की मां को देने का आदेश दिया है।
टड़ियावां थाना क्षेत्र के खाड़ाखेड़ा गांव निवासी रामदेवी पत्नी के. गेंदनलाल ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। बताया था कि उनका लड़का अमरपाल गांव के शकील का ट्रैक्टर चलाता था। 28 जून 2019 को अमरपाल ट्रैक्टर-ट्राली में बालू लादकर थाना क्षेत्र के उमरी गांव के नरेश के घर गया था। लड़के के साथ गांव का मोनू भी था। उमरी गांव के एक व्यक्ति ने अपनी पुत्री से छेड़छाड़ का आरोप लगाकर अपने भतीजे, पारिवारिक जंडेल व दयाराम के साथ मिलकर मारा पीटकर व गला कसकर बेटे की हत्या कर दी थी। साक्ष्य छिपाने के लिए गुलाबपुरवा के सूखे तालाब में शव को फेंक दिया था। मोनू ने पूरी घटना बताई थी। पुलिस ने जंडेल, दयाराम व अन्य दो लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की थी। पुलिस ने जंडेल, दयाराम के खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सिर पर चोट व उसी से कोमा में जाने के कारण मौत होने की पुष्टि हुई थी।
रिपोर्ट में सिर की हड्डी टूटी थी व नाक से खून भी बह रहा था। अभियोजन पक्ष से सात गवाहों को भी पेश किया गया। दोनों पक्षों के तर्कों को सुनने व पत्रावली पर मौजूद सबूतों के आधार पर अपर जिला जज ने आरोपी जंडेल को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। दयाराम को दोषमुक्त किया है।