हरपालपुर। हरपालपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में पीपीपी मॉडल पर लगी डिजिटल एक्सरे मशीन का प्रिंटर पिछले एक माह से खराब है।
इसलिए मरीजों को एक्सरे की विस्तृत रिपोर्ट नहीं मिल पा रही है। एक्सरे की फोटो खींचकर मरीज या उसके तीमारदार डॉक्टर को दिखाते हैं और फिर उसके उपचार को लेकर आगे का निर्णय किया जाता है।
हरपालपुर सीएचसी में हर रोज औसतन 20-25 लोगों को एक्सरे लिखा जाता है। एक्सरे की सुविधा सीएचसी परिसर में ही है। पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप के तहत एक्सरे मशीन यहां लगी हुई है। एक्सरे मशीन का प्रिंटर खराब है। नंदना गांव निवासी उर्मिला ने बताया कि वह एक्सरे कराने के लिए आई थीं। उन्हें मोबाइल पर फोटो खींचकर दे दी गई। उन्हें यह रिपोर्ट डॉक्टर को दिखाने में भी मशक्कत करनी पड़ी।
हरपालपुर निवासी नीतू हाथ का एक्सरे कराने के लिए सीएचसी गई थीं। प्रिंटर खराब होने और रिपोर्ट न मिल पाने की बात कहकर उन्हें वापस भेज दिया गया। एक्सरे की फिल्म भी किसी भी मरीज या उसके तीमारदार को नहीं मिल रही है। सीएचसी अधीक्षक डॉ. आनंद पांडेय ने बताया कि जिस संस्था के पास डिजिटल एक्सरे की मशीन संचालित करने और रख-रखाव करने की जिम्मेदारी है, उसे पत्र भेजा जा चुका है। व्यक्तिगत तौर पर भी मशीन का प्रिंटर सही कराए जाने को लिखा गया है। इसके बाद भी अभी तक इसकी मरम्मत नहीं हो पाई है।