हरदोई। सरकारी खरीद को बढ़ाने के लिए व्यापारियों ने दो दिन सहयोग में मंडी बंद रखी, मगर इसके बावजूद किसान क्रय केंद्र नहीं गए। मंडी बंद होने से जहां राजस्व का 10 लाख का नुकसान हुआ। वहीं, पल्लेदारों के सामने समस्या आ गई।
सरकारी खरीद में सहयोग करने के लिए नवीन गल्ला मंडी व्यापार संगठन ने दो दिन मंडी बंद रखकर सहयोग करने का आश्वासन दिया था। उसी के चलते मंगलवार को भी व्यापारियों ने खरीद नहीं की। इससे मंडी में खरीद-फरोख्त नहीं हुई। मंडी में खरीद बंद होने पर किसान मंडी उपज लेकर नहीं और न ही वह क्रय केंद्र ही पहुंचे। जनपद की सीमा के पास के किसान दूसरे जनपद उपज लेकर चले गए। सरकारी समर्थन मूल्य से बाजार मूल्य अधिक होने के कारण किसान क्रय केंद्र की ओर रुख नहीं कर रहे है।
मंगलवार को मंडी के साथ क्रय केंद्रों पर भी सन्नाटा पसरा रहा। मंडी में रविवार को अवकाश होने के बाद दो दिन खरीद न होने से पल्लेदारों के सामने खाने-पीने का संकट बढ़ गया है। व्यापारी के यहां खरीद होने पर ही पल्लेदारों को दिहाड़ी मिलती है। वहीं, मंडी में खरीद न होने से दो दिन में मंडी प्रशासन को करीब 10 लाख के राजस्व का नुकसान हुआ है। मंडी सचिव अजय प्रताप सिंह ने बताया कि व्यापारियों से सहयोग मांगा गया था, व्यापारियों ने सहयोग किया। बुधवार से मंडी में खरीद-फरोख्त शुरू हो जाएगी।