हरदोई। बाढ़ और बारिश ने सब्जियों के भाव बढ़ा दिए हैं। इससे आम व्यक्ति के किचन का बजट गड़बड़ा गया है। टमाटर से लेकर तरोई, लौकी, सोया, भिंडी, कमल ककड़ी और धनिया आदि के भाव चढ़े हुए हैं।
बारिश और बाढ़ से सब्जियों की फसलें प्रभावित हुई हैं। जिले में कटियारी और कटरी क्षेत्र में सब्जी की फसलें होती हैं। बारिश से सब्जियों की फसलों के फूल ही खराब हो गए। वहीं बाढ़ का पानी भरने से फसलें डूब गईं। इसका सीधा असर उत्पादन पर पड़ा है। सब्जियों के उत्पादन पर प्रभाव पड़ने और मांग में कोई अंतर न आने से सब्जियों के भाव चढ़ गए हैं। थोक और फुटकर सब्जी विक्रेताओं ने बताया कि बंगलुरू से आने वाले टमाटर को लोग सब्जी और सलाद में उपयोग कर रहे हैं। बंगलुरू से टमाटर आने से लागत में बढ़ोतरी हो जाती है जिससे थोक और फुटकर भाव बढ़ जाते हैं।
थोक और फुटकर सब्जी विक्रेता झबलू, पिंटू, पिंकू, मोहित और रिंकू ने बताया कि टमाटर से लेकर अन्य सब्जियों की मात्रा की आमद मंडी में कम हो रही है। इससे भाव बढ़े हुए हैं। थोक में बढ़े भाव पर मिलने से फुटकर में भाव बढ़ाकर बेचना पड़ता है। बताया कि 100 के शुगर फ्री आलू पांच किलोग्राम और सामान्य आलू छह किलोग्राम मिल रहे हैं। टमाटर 60-80 रुपये प्रति किलोग्राम के भाव पर हैं जबकि गोभी फूल 100 रुपये प्रति किलोग्राम, शिमला मिर्च 120 रुपये, सोया साग 120 रुपये, कमल ककड़ी 80-120 रुपये, लौकी 30 रुपये, तरोई 20 रुपये प्रति किलोग्राम के भाव से बिक रहे हैं।