हरदोई। डा. राम मनोहर लोहिया समग्र ग्राम योजना से चुने गए गांवों में एक बार फिर फेरबदल किया गया है। जनपद के प्रभारी मंत्री ने पूर्व में चयनित पांच गांवों को हटाकर उनके स्थान पर दूसरे गांवों का चयन कर सूची भेज दी, जबकि एक अवशेष रह गए गांव का भी चयन कर लिया गया है। प्रभारी मंत्री ने सभी चयनित गांवों की कार्ययोजना बनाने के निर्देश जनपद के अधिकारियों को दिए हैं।
गांवों को बिजली, पानी, सड़क और शिक्षा समेत अन्य विभागाें में चल रही योजनाओं से प्राथमिकता पर लाभान्वित करने के लिए सूबे में डा. राम मनोहर लोहिया समग्र ग्राम योजना संचालित है। प्रत्येक वित्तीय वर्ष में पिछड़े गांवों को चयनित कर उनमें विकास कार्य कराया जा रहा है। जनपद में प्रत्येक वित्तीय वर्ष में 40 गांवों का चयन किया जाता है। वर्ष 2016-17 के लिए भी 40 समग्र ग्रामों का चयन होना है, लेकिन बावन विकास खंड का नया गांव बजेहरा का चयन 2012-13 में हो चुका था। जिसे सूची से बाहर करने के बाद 39 समग्र ग्राम की सूची रह गई।
जनपद के प्रभारी मंत्री/राज्यमंत्री (संबद्ध मुख्यमंत्री) प्रो. अभिषेक मिश्र ने पहले से चयनित किए गए पांच समग्र ग्रामाें को हटाकर उनके स्थान पर नए गांवों के चयन की सूची भेज दी। इनमें अहिरोरी ब्लॉक का दानमंडी, सुरसा ब्लाक का उमरापुर, शाहाबाद का अब्दुल्लापुर, भरावन ब्लाक का बंजरा और पिहानी ब्लाक के भिरिया गांव को हटा दिया गया है। इनके स्थान पर सुरसा ब्लाक का दहिगवां, कोथावां ब्लाक का चपरतला, महुआकोला व शिवपुरी, बेहंदर ब्लाक का सुखनखेड़ा और भरावन ब्लाक के बम्हौना आलमशाह गांव को चयनित कर सूची भेज दी। प्रभारी मंत्री ने सूची में चयनित नए गांवों की कार्ययोजना बनाने के निर्देश अधिकारियों को दिए हैं।