हरदोई। पराली जलाने वाले 42 किसानों पर एफआईआर दर्ज की गई। हरपालपुर कोतवाली में सवायजपुर एसडीएम के निर्देश पर लेखपालों ने कुल 31 किसानों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। इनमें से 12 पर रिपोर्ट के आदेश बुधवार को ही हो गए थे। मल्लावां कोतवाली में भी तीन किसानों के पर रिपोर्ट दर्ज की गई है।
जिला प्रशासन जहां एक ओर किसानों को पराली से खाद बनाने के लिए प्रेरित कर रहा है। वहीं, दूसरी ओर प्रदूषण से लोगों को बचाने के लिए पराली जलाने वाले किसानों के प्रति सख्त रवैया भी अपना रहा है। एसडीएम सवायजपुर दीपक वर्मा ने पराली जलाने वाले 14 और किसानों पर लेखपालों के जरिए एफआईआर हरपालपुर कोतवाली में दर्ज कराई है। 12 किसानों पर रिपोर्ट दर्ज कराने के आदेश बुुधवार को ही हो गए थे, लेकिन इन पर गुरुवार को कार्रवाई हुई। हरपालपुर कोतवाली में अलग-अलग क्षेत्रों के पांच किसानों पर रिपोर्ट दर्ज हुई।
कोतवाल शैलेंद्र श्रीवास्तव के मुताबिक कुल 31 लोगों पर पराली जलाने के मामले में एफआईआर की गई है। उधर, दूसरी ओर मल्लावां कोतवाली के मटियामऊ गांव के लेखपाल सुबोध कुमार वर्मा ने सलीम खान, सही कलाम और अलीजान के खिलाफ मवैया में स्थित खेतों में पराली जलाने के आरोप में रिपोर्ट दर्ज की है।
उधर, तहसीलदार सदर रामवीर सिंह ने बताया कि गुरुवार को गौराडांडा गांव के पास दो किसान खरपतवार व पराली जलाते मिले। पूछताछ में किसानों ने अपना नाम शुभम पुत्र दिनेश व रामपाल पुत्र गनेश बताया। दोनों किसानों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई। बताया कि इसके साथ ही बुधवार को सरंगापुर गांव व सकरा निवासी राघवेंद्र सिंह, शिवेंद्र सिंह, नरेंद्र कुमार सिंह, गयाराम, ब्रजकि शोर व होरीलाल के खेत में पराली जलने की बात संज्ञान में आई। इस पर लेखपाल रविशंकर की ओर से लोनार थाने में सभी छह किसानों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।