हरदोई। यूरिया की भरपूर उपलब्धता के दावों के बीच खाद वितरण केंद्रों पर किल्लत है। स्टॉक में खाद का दावा है, किसान कतार में हैं और इनके हिस्से में इंतजार और आश्वासन आ रहा है। ग्रामीण इलाकों से इतर शहर में ही कैनाल रोड स्थित क्रय-विक्रय केंद्र की बात करें तो यहां शुक्रवार को एसडीएम सदर एसके मिश्रा और सहायक निबंधक आशीष मेहता को मौके पर पहुंचना पड़ा।
खाद के लिए टोकन को लेकर मारामारी थी। एसडीएम पहुंचे तो किसानों को कतारबद्ध कराया। इस सबके बीच समिति के सभापति सुशील अवस्थी छोटे महाराज कार्यालय परिसर ही नहीं गए। जानकारी करने पर पता चला कि पिछले कई दिनों से खाद वितरण की निगरानी कर रहे थे और इसी दौरान बुखार की चपेट में आ गए।
भरावन की सहकारी समिति गोड़वा में शुक्रवार को यूरिया की 150 बोरियां थीं। सुबह आठ बजे से ही किसानों की कतार लगी हुई थी। कतार में 300 किसान थे। समिति के सचिव सुरेश कुमार ने बताया कि बुधवार रात यूरिया मिली थी। बृहस्पतिवार को 150 बोरी का वितरण किया गया था, जबकि शुक्रवार को भी 150 बोरी खाद बांटी गई। हालांकि लाइन में लगे सभी किसानों को खाद नहीं मिल पाई है।
बिलग्राम की समितियों में भी यूरिया की समस्या है। बिलग्राम में पीसीएफ का खाद वितरण केंद्र है। बृहस्पतिवार को यहां यूरिया उपलब्ध थी, लेकिन शाम होते होते खाद खत्म हो गई। शुक्रवार की सुबह बड़ी संख्या में किसान वितरण केंद्र पर पहुंचे, लेकिन यहां ताला पड़ा था। किसानों ने काफी देर तक जिम्मेदारों के आने का पता किया, पता चला कि खाद उपलब्ध ही नहीं है। ऐसे में किसान निराश होकर लौट गए।
संडीला में खाद वितरण के लिए चार केंद्र हैं। हरदोई रोड पर स्थित क्रय विक्रय केंद्र में शुक्रवार को 65 बोरी यूरिया ही उपलब्ध थी। पीसीएफ सेंटर पर 170 बोरी यूरिया उपलब्ध थी, लेकिन यहां मौजूद किसानों की संख्या 250 से ज्यादा थी। ऐसे में 170 किसानों को एक-एक बोरी यूरिया दी गई और बाकी को आश्वासन। बांगरमऊ मार्ग पर स्थित कृभको केंद्र समेत दो केंद्रों पर खाद उपलब्ध ही नहीं है।
किसानों की भीड़ में फंसे समिति के अध्यक्ष और चौकी प्रभारी
साधन सहकारी समिति बावन के मुजाहिदपुर स्थित गोदाम के बाहर शुक्रवार सुबह किसानों की लंबी कतार लग गई। समिति के अध्यक्ष सुनील कुमार सिंह और सचिव विद्या सागर शुक्ला के मुताबिक बृहस्पतिवार को 300 बोरी यूरिया उपलब्ध थी। सौ बोरी इस दिन ही वितरित कर दी गई थी। शुक्रवार को बची बोरियां बांटी गईं। इसी दौरान भीड़ ज्यादा होने के कारण अध्यक्ष सुनील सिंह और चौकी प्रभारी अवधेश सिंह भी किसानों के बीच फंस गए। बमुश्किल वह लोग निकले फिर किसानों को कतारबद्ध कर खाद का वितरण कराया। समिति के जिम्मेदारों का दावा है कि और यूरिया आवंटित करने के लिए अनुरोध किया गया है।
यूरिया तो है लेकिन सचिव को लग गई चोट, इसलिए वितरण नहीं
शाहाबाद नगर की साधन सहकारी समिति में 300 बोरी खाद उपलब्ध होने का दावा किया गया। बावजूद इसके यहां ताला पड़ा हुआ था। खाद की आस में आने वाले किसानों को लौटना पड़ रहा था। वजह तलाशने पर पता चला कि यहां के सचिव अशोक सिंह बीते दिनों बेहटा गोकुल में खाद बांटने के दौरान ही सिर में चोट लगने से घायल हो गए थे। इसकी वजह से यहां ताला नहीं खुला।