फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Hardoi News: एजेंसी की लापरवाही से नुमाइश चौराहा का नहीं हो सका कायाकल्प

विज्ञापन
विज्ञापन
फोटो-03- नुमाइश चौराहा से पिहानी चुंगी व मुख्य डाकघर जाने वाली सड़क। संवाद
विज्ञापन

- पर्यटन विभाग की तरफ से यूपीपीसीएल को मिली है काम की जिम्मेदारी
- 1.07 करोड़ रुपये से कराया जाना है काम, चौक पर ही काम कराने के बाद से काम ठप
संवाद न्यूज एजेंसी
हरदोई। शहर के सुंदरीकरण की जागी उम्मीद लोगों के मन में शांत हो चली है। पांच प्रमुख रास्तों को जोड़ने वाले नुमाइश चौराहा का एक साल से अधिक अवधि में सुंदरीकरण नहीं हो पाया है। उप्र पर्यटन विकास विभाग की तरफ से नुमाइश चौराहा के सुंदरीकरण के लिए 1.07 करोड़ रुपये की स्वीकृति साल 2023-24 में दी गई थी। काम कराने की जिम्मेदारी यूपीपीसीएल (उप्र प्रोजेक्ट्स कारपोरेशन लि.) को मिला है।
पांच प्रमुख रास्तों को जोड़ने वाले नुमाइश चौराहा पर वैसे तो नगर पालिका परिषद ने चौराहा बना रखा था। साल 2023-24 में उप्र पर्यटन विकास विभाग ने चौराहा के सुंदरीकरण के साथ ही सभी पांचों मार्गों पर पाथ-वे, फुटपाथ पर लाइट आदि भी करीब-करीब 50-50 मीटर तक लगवाया जाना प्रस्तावित है। काम कराने के लिए शासन के अनु सचिव संजीव कुमार श्रीवास्तव की ओर से 1,07,20,000 रुपये की वित्तीय व प्रशासनिक स्वीकृति का पत्र साल 2024 में जारी हुआ था। तब काम कराने के लिए 75,000 रुपये भी दिए गए थे। जैसे-तैसे प्रशासनिक दबाव में चौक का काम तो करवाया गया है। चौक पर जनसहयोग से भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की प्रतिमा भी लगवाई गई है। चौराहा पर होने वाले काम करीब एक साल से ठप हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

-
नुमाइश चौराहा का काम गति पकड़ना तो, दूर सुचारु रूप से हो ही नहीं रहा है। कई बार मैने खुद स्थलीय निरीक्षण किए और काम बंद था। कार्यदायी संस्था यूपीपीसीएल के प्रोजेक्ट मैनेजर को पत्र लिखे गए हैं। काम अभी भी शुरू न होना चिंता का विषय है। काम में देरी से लागत में बढ़ोतरी की आशंका है। वहीं काम समय से पूरा न होने से लोगों के मन में चौराहा के सुंदरीकरण की जागी तस्वीर भी धूमिल होने लगी होगी।
-डॉ. कल्याण सिंह, उप निदेशक पर्यटन, लखनऊ मंडल
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें