हरदोई। संडीला कोतवाली क्षेत्र निवासी सराफा व्यापारी से हुई लूट का पुलिस ने रविवार को खुलासा किया। पुलिस लाइन में एसपी ने पत्रकार वार्ता में बताया कि पुलिस ने अंतरजनपदीय गिरोह के चार सदस्यों क ो गिरफ्तार किया है। पूछताछ में उन्होंने सराफा व्यापारी से लूट समेत उन्नाव व लखनऊ में भी वारदात का जुर्म क बूला है।
एसपी चंद्र प्रकाश ने बताया कि संडीला कस्बा के सराफा व्यापारी गौरव रस्तोगी से 11 अप्रैल को हुई लूट में पुलिस ने अंतरजनपदीय गिरोह के चार सदस्यों को गिफ्तार किया है। उन्होंने दावा किया कि इन्हीं बदमाशों ने उनसे लूट की थी।
एसपी ने बताया कि गौरव रस्तोगी की कासिमपुर में सराफा की दुकान है। वारदात के दिन वह बाइक से कासिमपुर जा रहे थे। वह जल्लापुर गांव के निकट पहुंचे थे। इसी दौरान पीछे से अल्टो कार से आए बदमाशों ने बाइक को टक्कर मार कर गिरा दिया और असलहा लगाकर गौरव के पास से पांच हजार रुपये, दो किलो चांदी और एक सोने की अंगूठी लूट ली थी।
एसपी ने बताया कि वारदात के खुलासे के लिए कोतवाल उमाशंकर उत्तम को लगाया था। शनिवार को पुलिस ने उन्नाव रोड पुलिया के पास से संडीला के सनई गांव निवासी भूरा उर्फ सदाकत, बब्लू, इरफान और कासिमपुर थाना के घूसपाहा निवासी राजकुमार को गिरफ्तार किया।
उनके पास से एक किलो 250 ग्राम चांदी, एक असलहा और दो कारतूस बरामद हुआ। एसपी ने बताया कि पूछताछ में आरोपियों ने उन्नाव के हसनगंज थाना के कस्बा मोहाना खुर्द निवासी यदुवीर सिंह और आलोक उर्फ अजय सिंह पासी निवासी पचगेहरा थाना हसनगंज के साथ संडीला के सराफा व्यापारी से लूट की वारदात स्वीकार की। इसके साथ ही उन्नाव में लूट की अलग-अलग तीन वारदात, लखनऊ के मलिहाबाद में हुई लूट भी स्वीकार की। एसपी ने बताया कि अल्टो कार से लूट की वारदात अंजाम देते थे। बताया कि कार भी चोरी की थी। जिसको लखनऊ से चुराया गया था। गैंग के सभी सदस्य इनामी हैं। उनके विरुद्ध लखनऊ, उन्नाव और संडीला में लूट, डकैती और आर्म्स एक्ट में मामले दर्ज हैं। एसपी ने वारदात का खुलासा करने वाली पुलिस टीम को पांच हजार का पुरस्कार दिया।
पुलिस लाइन में रविवार को एसपी चंद्र प्रकाश ने बताया कि अतरौली पुलिस ने इनामी बदमाश समेत तीन को गिरफ्तार किया है। बताया कि एसओ श्यामबाबू को वांछित बदमाशों की गिरफ्तारी के निर्देश दिए थे। शनिवार देर रात पुलिस ने भीखमपुर एमा के पास तीन युवक ों को संदिग्ध अवस्था में जाते देखा।
पुलिस जीप को देखकर तीनों ने भागने का प्रयास किया। इस पर पुलिस ने तीनों को दबोच लिया। उनकी पहचान महेंद्र , धर्मेंद्र और उपेंद्र तीनों बदमाश राम गोपाल निवासी सिकरी मजरा भीकपुर के पुत्र के तौर पर हुई।
उनके पास से चार असलहा, एक राइफल और आठ कारतूस बरामद किए गए। एसपी ने बताया कि तीनों के विरु द्ध अदालत ने गैरजमानती वारंट जारी किया था। एसपी ने बताया कि पुलिस ने थाना क्षेत्र के बरगदी गांव निवासी सर्वेश को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। बताया कि उसके खिलाफ हत्या का मामला दर्ज था। वह काफी समय से फरार चल रहा था। उसके ऊपर 5000 का इनाम था।
शहर कोतवाली पुलिस ने शनिवार को लूट की योजना बना रहे इनामी बदमाश समेत चार को दबोच लिया। वह डकैती व लूट में वांछित चल रहे थे। उनके पास से असलहे व कारतूस बरामद हुए। पुलिस का दावा है कि बदमाश बैंकों के आस-पास सक्रिय रहते थे। बैंक से रुपये निकालकर जा रहे लोगों को निशाना बनाते थे।
एसपी चंद्र प्रकाश ने पुलिस लाइन में प्रेस वार्ता कर बताया कि इनामी वांछितों की गिरफ्तारी के लिए अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने दवा किया कि शहर कोतवाली पुलिस ने शनिवार को अंतरजनपदीय गिरोह के चार सदस्यों को लूट की योजना बनाते गिरफ्तार किया था।
उनकी पहचान शहर कोतवाली क्षेत्र के कैथोलिया निवासी अखिलेश उर्फ डीके, ध्रुव, शोभित निवासी सुरजीपुर और चमकेश निवासी तुर्तीपुर थाना सुरसा के तौर पर की गई। बताया कि उनके पास से चार असलहा, 12 कारतूस बरामद हुए।
एसपी ने बताया कि अखिलेश उर्फ डीके ने बताया कि वह लोग बैंक ो से रुपये निकालकर जाने वालों को निशाना बनाते थे। शहर की मंडी समिति में लूट की वारदात भी स्वीकार की। एसपी ने बताया कि डीके पर सीतापुर में डकैती समेत 8 मामले दर्ज हैं।
पुलिस ने पांच हजार का इनाम रखा था। इसी तरह ध्रुव की गिरफ्तारी पर भी पांच हजार का इनाम था। उसके खिलाफ अलग-अलग धाराओं में चार मामले दर्ज हैं। इसी तरह शोभित व चमकेश पर भी दो-दो मामले दर्ज हैं।
एसपी ने बताया कि एएसपी पूर्वी बीसी दुबे व सीओ सिटी अजीत सिंह चौहान की अगुआई में कोतवाल कमलेश नारायण पांडेय व उनकी टीम ने चारों को गिरफ्तार किया। बताया कि आरोपियों को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया गया।