माध्यमिक शिक्षा परिषद परीक्षा की आठ लाख कापियों का
मूल्यांकन जिले के 22 सौ परीक्षक करेंगे, पर मूल्यांकन के आरंभ में शिक्षक
संगठनों विरोध से पहले दिन मूल्यांकन कार्य में व्यवधान पड़ेगा। ज्ञात
हो कि माध्यमिक शिक्षा परिषद की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन कार्य 30
मार्च से शुरू हो रहा है।
इसके लिए जिले के तीन स्कूलों को मूल्यांकन
केंद्र बनाया गया है। इनमें जीआईसी में इंटर के 45 संकेतांक की उत्तर
पुस्तिकाओं का मूल्यांकन किया जाएगा। जिसके लिए 1145 परीक्षक और 115 प्रधान
परीक्षकों को लगाया गया है। इस केंद्र पर 4,78,424 उत्तर पुस्तिकाओं का
मूल्यांकन किया जाएगा।
हाईस्कूल की उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन को दो
स्कूलों को मूल्यांकन केंद्र बनाया गया है। इनमें आरआर इंटर कालेज में
अंग्रेजी, संस्कृत, गणित, गृह विज्ञान, सामाजिक विज्ञान, प्रारंभिक गणित,
कंप्यूटर की 1.50 लाख उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन 435 परीक्षक व 44
प्रधान परीक्षक करेंगे।
इसके अलावा सनातन धर्म इंटर कालेज में 443
परीक्षक 1,58,649 उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन 44 प्रधान परीक्षकों की
देखरेख में करेंगे। मूल्यांकन केंद्र पर कापियों का आवागमन शुरू हो गया है।
विद्यालय प्रशासन इसके लिए तैयारी में जुटा हुआ है। उधर, अबकी मूल्यांकन
कार्य में सेवारत टीचरों को ही परीक्षक बनाया गया है।
रिटायर टीचरों को
परीक्षकों की सूची में शामिल नहीं किया गया है। इससे मूल्यांकन कार्य करने
के इच्छुक टीचर परेशान हैं। उधर, मूल्यांकन कार्य में शिक्षक संगठनों को
विरोध बाधक बनेगा।
माध्यमिक शिक्षक संघ के चंदेल गुट ने जहां वित्त विहीन
टीचरों के साथ मांगों को लेकर बेमियादी विरोध प्रदर्शन का ऐलान किया है,
वहीं माध्यमिक शिक्षक संघ शर्मा गुट व पांडेय गुट के टीचर आरंभ के तीन दिन
मूल्यांकन कार्य का बहिष्कार करेंगे।
इससे मूल्यांकन कार्य में विगत
वर्ष की भांति अबकी भी बाधा पड़ना तय है। उधर, परीक्षा प्रभारी/बीएसए डा.
बृजेश मिश्र ने बताया कि मूल्यांकन कार्य निर्धारित समय में पूर्ण करने के
निर्देश है। जिसका प्रयास किया जाएगा। संघ का विरोध प्रदर्शन पूरे प्रदेश
में है, जो भी अफसरों के निर्देश होंगे, उसके अनुसार कार्य कराया जाएगा।