- इलाज कराने पहुंच रहे रोजाना 400 से अधिक मरीज, पहले आते थे 150 से 200
- जुकाम, खांसी और बुखार के मरीज बढ़े
संवाद न्यूज एजेंसी
पाली। मौसम में बदलाव के साथ ही कस्बे में वायरल बुखार के मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ी है। पाली पीएचसी की ओपीडी में पहले रोजाना 150 से 200 मरीज पहुंचते थे, जबकि इन दिनों यह संख्या 400 से अधिक हो गई है। मरीजों में अधिकांश वायरल, जुकाम और खांसी से पीड़ित हैं। निजी क्लीनिकों पर भी मरीज उपचार करा रहे हैं।
इस समय मौसम में बदलाव हो रहा है। सुबह व रात को ठंडक का एहसास हो रहा है जबकि दिन में धूप तेज हो रही है। इस कारण से लोग वायरल बुखार से पीड़ित हो रहे हैं। स्वास्थ्य केंद्र पर भी आने वाले मरीजों में अधिकांश मरीज वायरल बुखार से पीड़ित होते हैं। तमाम मरीज कस्बे के निजी क्लीनिकों पर भी उपचार करा रहे हैं। ओपीडी में डॉक्टर सिद्धार्थ ने बताया कि मौसम में बदलाव के कारण वायरल पनप रहा है। जुकाम, बुखार, खांसी आदि के मरीजों की संख्या अधिक है। पहले की अपेक्षा मरीजों की संख्या में करीब 40 से 50 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि हुई है। अस्पताल में आने वाले अधिकांश मरीज बुखार, जुकाम और खांसी की शिकायत लेकर पहुंच रहे हैं।
इनसेट
चिकित्सा प्रभारी डॉक्टर विनीत तिवारी ने इस मौसम में सावधानी बहुत जरूरी है। सबसे अधिक ध्यान बच्चों और बुजुर्गों का दिया जाना चाहिए। बताया कि वायरल बुखार होने पर बार-बार ठंड लगना, कंपकपी या शरीर में कंपन होना, थकान और कमजोरी, सिर दर्द, गले में खराश, नाक का बहना, मांसपेशियों में दर्द, पसीना आना, भूख न लगना आदि लक्षण होते हैं। ऐसे लक्षण दिखने पर चिकित्सक से परामर्श लेकर उपचार कराना चाहिए।
इस तरह करें बचाव
आसपास व खुद की साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखें।
प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के लिए संतुलित आहार लें।
ताजे फल-सब्जियों का सेवन करें।
पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं।
साबुन से नियमित हाथ धोएं।
भीड़भाड़ वाली जगह पर मास्क लगाकर जाएं।
बुखार महसूस मेडिकल स्टोर से दवा न लें।
चिकित्सीय सलाह पर ही दवा खाएं।