हरदोई। हर साल गंगा का जलस्तर बढ़ने से तहसील मुख्यालय से अलग-थलग पड़ जाने वाले एक दर्जन गांवों के 10 हजार लोगों के लिए राहत भरी खबर है। छिबरामऊ तिराहा से गांव कोई तक जाने वाले संपर्क मार्ग पर 30 मीटर लंबे पुल का निर्माण जल्द शुरू हो जाएगा। इसके लिए शासन ने पौने दो करोड़ रुपये का प्रस्ताव स्वीकृत किया है।
गंगा का जलस्तर बढ़ते ही बिलग्राम तहसील क्षेत्र में गंगा किनारे स्थित गांवों में कटान होने लगती है। तहसील मुख्यालय से संपर्क भी कट जाता है। दरअसल इस इलाके में छिबरामऊ तिराहे से कोई संपर्क मार्ग के जरिये ही अधिकांश लोग आवागमन करते हैं, लेकिन यहां पर नीची पुलिया होने के कारण पानी भर जाता है।
इसके कारण या तो नाव का सहारा लेना पड़ता है या फिर आवागमन ठप हो जाता है। अब शासन ने क्षेत्रीय विधायक आशीष सिंह आशू के प्रस्ताव पर छिबरामऊ-कोई मार्ग पर 30 मीटर लंबा पुल निर्माण कराने की स्वीकृत दी है। अधिशासी अभियंता खंड-दो एसके श्रीवास्तव के मुताबिक एक करोड़ 75 लाख 42 हजार रुपये से इस पुल का निर्माण कराया जाएगा। उन्होंने बताया कि कुछ दिन पहले ही क्षेत्रीय विधायक ने निर्माण कार्य कराने के लिए भूमि पूजन कराया है। निर्माण कार्य होने से लगभग 10 हजार की आबादी को राहत मिलेगी।
छिबरामऊ के प्रधान प्रवीण सिंह कहते हैं कि पुल का निर्माण होने से लगभग एक दर्जन गांवों के लोगों को राहत मिलेगी। पुल के निर्माण की मांग लंबे समय से चल रही थी, लेकिन पूरी अब हुई है।
सुरेंद्र यादव का कहना है कि निश्चित रूप से पुल निर्माण का प्रस्ताव स्वीकृत होना बड़ी उपलब्धि है। अब अधिकारियों को प्रयास करना चाहिए कि बाढ़ से पहले ही पुल का निर्माण हो जाए।
खुशीराम यादव ने बताया कि पुल का निर्माण होना जरूरी है। जल्द से जल्द इसका कार्य पूरा कराया जाए। पुल के निर्माण का प्रस्ताव स्वीकृत करने के लिए विधायक का आभार भी जताया।
मतीन खां ने कहा कि पुल का निर्माण होने से कोई, कोइलरा, अलियापुर, नवरंगपुर, ककराखेड़ा आदि गांवों के लोगों को राहत मिलेगी। पुल का निर्माण बारिश होने से शुरू होने से पहले ही पूरा हो जाए तो बेहतर होगा।