किसानों की फसलों के नुकसान की भरपाई के लिए कम से कम
उन्हें 33 हजार रुपये प्रति हेक्टेयर का मुआवजा दिलाने समेत छह सूत्रीय
मांगों को लेकर भाजपा सांसदों की अगुवाई में भाजपा पदाधिकारियों ने सोमवार
को कलक्ट्रेट में प्रदर्शन कर गवर्नर को संबोधित ज्ञापन डीएम को सौंपकर
कार्रवाई की मांग की।
प्रदर्शन से पूर्व सांसद अंजू बाला ने कहा कि
जिले में बेमौसम बारिश व ओलावृष्टि के कारण किसानों की फसलें तबाह हो गई
हैं, परंतु यूपी सरकार के कान में जूं तक नहीं रेंग रही है। प्रशासन ने
नुकसान की भरपाई को जो एक हजार रुपये प्रति हेक्टेयर की राशि देने की बात
कही है, वह भी ऊंट के मुंह में जीरा जैसी है।
उन्होंने कहा कि एक तो किसान
पहले से ही बारिश न होने से धान आदि फसलों को नष्ट कर चुका है, दूसरी ओर
प्रदेश सरकार किसानों का भुगतान दिलाने में भी नाकाम रही है। सांसद अंशुल
वर्मा ने कहा कि ऐसे में बेमौसम बारिश के कारण किसान पंगु बनकर रह गया है।
सिंचाई के समय नहरें सूखी हैं। सरकारी नलकूप खराब हैं। ऐसे में प्रदेश के
मुख्यमंत्री को इस बाबत कुछ सोचना चाहिए, ताकि गरीब किसान भी अपना जीवन जी
सके। जिलाध्यक्ष राजीव रंजन मिश्र ने कहा कि प्रदेश में कानून व्यवस्था
पूरी तरह से ध्वस्त है।
हत्या, लूट, डकैती, अपहरण और महिलाओं के साथ
छेड़खानी एवं दुराचार लगातार बढ़ रहे हैं। गंभीर आरोपों में भी एफआईआर दर्ज
नहीं की जा रही है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि पुलिस तंत्र को सपा की
निजी सेना बनने को विवश कर दिया गया है, जिससे बिलग्राम जैसी घटनाएं आए दिन
सामने आती रहती हैं।
इस दौरान भाजपाइयों ने कलक्ट्रेट परिसर में जोरदार
प्रदर्शन किया और डीएम रमेश मिश्र को ज्ञापन सौंप कार्रवाई की मांग की।
ज्ञापन में उक्त के अलावा खाद, उर्वरक एवं दवाओं की उपलब्धता सुचारु रूप से
नियंत्रित दरों में सुनिश्चित कराने, किसानों पर किसी प्रकार की वसूली
कराने पर रोक लगाने।
गन्ना किसानों का भुगतान कराने, बिलग्राम की घटना
में दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई कराने की मांग शामिल हैं। इस मौके पर
पूर्व विधायक गंगा सिंह चौहान, सतीश वर्मा, अजीत सिंह बब्बन, सलिल दीक्षित,
सुरेंद्र दुबे, अभय सिंह, अनुज, अनूप सिंह, आलोक अग्निहोत्री, जयदेवी
गुप्ता, मंगेश लता, सुनील शुक्ल आदि मौजूद थे।