नायब तहसीलदार वेदप्रकाश सोनी ने बताया कि आरोपी सुदेश उर्फ टिल्लू पर आरोप है कि उसने करीब छह साल पहले अपने गैंग के साथ मिलकर लोगों को अच्छे मुनाफे और साल भर में रकम दोगुनी करने का झांसा दिया। इस जाल में फंसाकर आरोपी और उसके साथियों ने 500 करोड़ रुपये से अधिक की ठगी की। इस ठगी से क्षेत्र के हजारों लोग प्रभावित हुए थे, जिनकी मेहनत की कमाई कुछ ही समय में हड़प ली गई।
सोमवार को की गई कार्रवाई के दौरान पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में आरोपी की संपत्ति को चिन्हित कर कुर्क किया गया। कुर्क की गई संपत्ति में चांदनेर गांव स्थित उसका मकान, बाग और खाली पड़ी कीमती भूमि शामिल है। अधिकारियों ने बताया कि यह संपत्ति ठगी की रकम से अर्जित की गई थी, इसलिए इसे विधिक प्रक्रिया के तहत अटैच किया गया है। प्रशासन का कहना है कि ठगी के इस बड़े मामले में आगे भी कार्रवाई जारी रहेगी। अन्य आरोपियों की संपत्तियों की भी जांच की जा रही है, ताकि पीड़ितों को न्याय दिलाया जा सके।